सरगुजा पुलिस ने झारखंड के गढवा से सटोरिए सत्यम केसरी को पकड़ा, वायरल वीडियो मामले में आरोपों से पलटा

सरगुजा: सट्टा कारोबार के खिलाफ चल रही कार्रवाई में पुलिस ने बड़ी सफलता हासिल करते हुए एक और सटोरिए सत्यम केसरी को गिरफ्तार किया है. फरार सटोरिया झारखंड के गढ़वा में छिपकर बैठा हुआ था. बड़ी बात यह है इसी सटोरिए ने पुलिस विभाग में पदस्थ एक आरक्षक पर भी गंभीर आरोप लगाते हुए वीडियो वायरल किया था. इसके बाद पुलिस महकमे में भी हड़कंप मच गया था लेकिन अब आरोपी खुद अपनी बात से पलट गया है और अपने सरगना दीप सिन्हा के कहने पर वीडियो बनाने की बात कह रहा है. फिलहाल पुलिस आरोपी से पूछताछ कर रही है.
स्काई एक्सचेंज के नाम से सट्टा: सरगुजा जिले में बड़े पैमाने पर सट्टा कारोबार चल रहा था, 13 मई 2024 को की गई छापामार कार्रवाई के दौरान पुलिस ने शहर में स्काई एक्सचेंज के नाम से क्रिकेट मैचों में सट्टा खिलाने का खुलासा हुआ था. इस दौरान पुलिस ने सत्तीपारा निवासी आयुष उर्फ दीप सिन्हा, अमित मिश्रा उर्फ पहलू और शुभम केसरी को हिरासत में लिया था.
सट्टा एप के मामले में कोतवाली पुलिस ने आरोपियों को गिरफ्तार किया था. इस मामले में अब फरार चल रहे आरोपी को गिरफ्तार किया गया है. आरोपी से पूछताछ चल रही है. फिलहाल उसने दीप सिन्हा के कहने पर वीडियो बनाने और आरोप लगाने की बात स्वीकार की है– ASP अमोलक सिंह ढिल्लो
करोड़ों के कारोबार का खेल: पुलिस ने आरोपियों के पास से 19 मोबाइल, 3 पासबुक, 2 नग चेकबुक, 21 एटीएम कार्ड और 20 हजार रुपये नगद बरामद किए थे. पुलिस ने करोड़ों रुपए का सट्टा खेलने का खुलासा किया था और आरोपियों के खिलाफ छग जुआ प्रतिषेध अधिनियम की धारा 7, 8 के तहत कार्रवाई की गई. हालांकि आरोपियों को जमानत मिल गई ती और जमानत मिलने के बाद आरोपी फरार हो गए थे.
म्यूल अकाउंट से ट्रांजेक्शन: जांच दौरान इस बात की पुष्टि भी हुई कि आरोपियों ने भोले भाले लोगों के आधार कार्ड और दस्तावेज लेकर 60 म्यूल अकाउंट खोले थे. इसी के जरिए अवैध कारोबार करने और करोड़ों के लेनदेन की पुष्टि हुई. पुलिस ने प्रकरण में अलग से धारा 467, 468, 471, 120 (बी), 66(सी) 66(डी) आईटी. एक्ट की धारा जोड़ी. इसके साथ ही इस मामले में ऋतिक मंदिलवार उर्फ बमफोड़, नितिन यादव, अमित कुमार मिश्रा उर्फ पहलू एवं ध्रुवील पटेल, मुकेश त्रिपाठी को गिरफ्तार किया जा चुका है.
दुबई तक कनेक्शन: इसी प्रकरण में जांच के दौरान सत्यम केसरी का नाम भी सामने आया था. सत्यम केसरी वारदात के बाद से फरार चल रहा था. इस दौरान उसने एक वीडियो वायरल किया जिसमें उसने पुलिस आरक्षक प्रवीण सिंह पर भी सट्टा कारोबार में लिप्त रहने और उसके कहने पर ही सट्टा खिलाने का काम करने की बात कही थी. सत्यम ने आरोप लगाया था कि प्रवीण सिंह के कहने पर वह गाढ़ा घाट स्थित मकान में सट्टा किंग अमित मिश्रा उर्फ पहलु, जिमी के के लिए काम कर रहा था. इस दौरान उसने 48 लाख रुपए का मुनाफ़ा भी दिया था. इसके साथ ही उसने पुलिस के आला अधिकारियों, दुबई तक कनेक्शन होने का आरोप भी लगाया था.
अब आरोपों से पलटा आरोपी: एसएसपी राजेश अग्रवाल के निर्देश पर एएसपी अमोलक सिंह ढिल्लो के नेतृत्व में आरोपी की तलाश की जा रही थी. पुलिस ने आरोपी सत्तीपारा निवासी सत्यम केसरी को गढ़वा से गिरफ्तार किया. अब आरोपी सत्यम केसरी अपने आरोपों से पलट गया है. बताया जा रहा है कि पुलिस की पूछताछ में उसने कहा है कि उसने सभी आरोप सरगना आयुष उर्फ दीप सिन्हा के कहने पर लगाए थे और सट्टा कारोबार में उसकी संलिप्तता के बारे में जानकारी नहीं है. अब दीप सिन्हा के गिरफ्तार होने पर ही इस मामले का खुलासा होने की संभावना है.
पुलिस के मुताबिक आगे पूछताछ में और भी खुलासे हो सकते हैं. साथ ही दीप सिन्हा की तलाश भी जारी है.





