कवर्धा में खाद यूरिया की समस्या को लेकर आम आदमी पार्टी और भारतीय युवा कांग्रेस का प्रदर्शन

कवर्धा: खाद और यूरिया की किल्लत और कालाबाजारी से जिलेभर के किसान परेशान हैं. सोसायटियों में खाद नहीं मिलने के कारण किसान बाजार से महंगे दामों पर खाद और यूरिया खरीदने को मजबूर हैं. इन्हीं समस्याओं को लेकर आज आम आदमी पार्टी ने रानी दुर्गावती चौक में एक दिवसीय धरना प्रदर्शन कर रैली निकाली. आप कार्यकर्ता सरकार के खिलाफ नारेबाजी करते हुए कलेक्टर कार्यालय पहुंचे और कलेक्टर को ज्ञापन सौंपा.
आप के कार्यकर्ताओं का आरोप: आम आदमी पार्टी ने आरोप लगाते हुए कहा कि कबीरधाम जिला समेत प्रदेश भर में सोसाइटियों में डीएपी खाद और यूरिया की कमी बनी हुई है. लेकिन शासन प्रशासन ध्यान नहीं दे रहा है. जिसके चलते किसानों को हर रोज संघर्ष करना पड़ रहा है. जिले के किसान मजबूरी में निजी विक्रेताओं से खाद 2200 प्रति बैग और यूरिया 1200 रुपये पर खरीद रहे हैं. जो राज्य सरकार के लिए शर्मनाक है.
खाद की कालाबाजारी पर रोक लगाने का मांग: आप कार्यकर्ताओं ने मांग की कि सरकार को इस कालाबाजारी पर रोक लगाना चाहिए. सरकार व्यापारियों को लाभ पहुंचाने मोटा कमीशन के लिए किसानों को निजी विक्रताओं से यूरिया खरीदने को जानबूझकर मजबूर किया जा रहा है. यदि आवश्यक यूरिया की आपूर्ति अगले कुछ दिनों में नहीं की गयी तो फसल की पैदावार में कमी आएगी और कर्ज लेकर खेती करने वाला किसान आत्महत्या हो मजबूर हो जाएगा. जिसकी पूरी जिम्मेदारी राज्य सरकार की होगी. कार्यकर्ताओं ने चेतावनी दी कि यदि जल्द से जल्द किसानों की परेशानियां दूर नहीं की तो आम आदमी पार्टी किसानों के साथ मिलकर सड़क पर उतरकर बड़ा उग्र आंदोलन करेगी.
भारतीय युवा कांग्रेस का प्रदर्शन: वहीं भारतीय युवा कांग्रेस के नेतृत्व में कांग्रेस कार्यकर्ता व कवर्धा विधानसभा के किसानों ने रैली निकालकर नारेबाजी की और कलेक्टर कार्यालय पहुंचे. भारतीय युवा कांग्रेस के कार्यकर्ताओं ने खाद की कालाबाजारी रोकने, बिजली संकट, जर्जर सड़क मरम्मत, खाद्यान्न वितरण में अनियमित, गौवंश की सुरक्षा, अवैध शराब बिक्री में रोक, गन्ना किसानों का बोनस भुगतान, शक्कर कारखाना में भ्रष्टाचार की जांच, स्कूल में शिक्षाकों की कमी को लेकर कलेक्टर को ज्ञापन सौंपा. 15 दिन में मांग पूरी नहीं होने पर उग्र आंदोलन कर चक्काजाम करने की चेतावनी दी है.
युवा कांग्रेस नेता वाल्मीकि वर्मा ने आरोप लगाते हुए कहा कि भाजपा की सरकार में किसानों की मूलभूत सुविधा बिजली, सड़क, खाद अवैध शराब, गौवंश की मौत, स्कूल है, लेकिन शिक्षक नहीं है. इन्हीं मांगों को लेकर कलेक्टर को 11 सूत्रीय मांगों को लेकर सांकेतिक ज्ञापन सौंपा गया है. अगर 15 दिनों में मांग पूरी नहीं होती है तो संबंधित विभागों का घेराव किया जाएगा. आगे उग्र आंदोलन और चक्काजाम किया जाएगा.
ग्राम पंचायत कुसुमघटा के उपसरपंच अश्विनी वर्मा ने आरोप लगाकर कहा कि भोरमदेव शक्कर कारखाना पहले ही घाटा में चल रहा है. बावजूद भाजपा के नेता अपने चहेते लोगों को शक्कर कारखाना में नौकरी लगाकर लाभ ले रही है. जबकि पूर्व में कार्यरत सिनीयर लोगों को काम से निकाला जा रहा है. इस मामले को लेकर कलेक्टर को ज्ञापन सौंपकर मामले की जांच कराने की मांग की गई है. अगर मामले में जांच कर कारवाई नहीं होता है तो आने वाले समय में शक्कर कारखाना के सामने नेशनल हाईवे 30 में चक्काजाम कर प्रदर्शन करेंगे.





