Dhanbad News: धनबाद में भू-माफिया का आतंक, बीएसएफ जवान के पुश्तैनी घर और जमीन पर कब्जे का आरोप

धनबादः जिले के कतरास बाजार स्थित टांड़ बस्ती निवासी बीएसएफ जवान मोहम्मद मिनाज इन दिनों अपने ही घर की सुरक्षा को लेकर परेशान हैं. जवान का आरोप है कि भू-माफियाओं ने पहले फर्जी दस्तावेज के जरिए उसकी पुश्तैनी जमीन के कागज में हेरफेर की कोशिश की और अब उसके घर पर ही कब्जा जमा लिया है. इतना ही नहीं घर की ओर सीसीटीवी कैमरा लगाकर उनके परिवार की निजता तक भंग की जा रही है. मामले में बीएसएफ जवान ने डीसी को आवेदन देकर न्याय की गुहार लगाई है.
धनबाद के कतरास बाजार स्थित टांड़ बस्ती निवासी बीएसएफ जवान मोहम्मद मिनाज वर्तमान में पंजाब में तैनात हैं. उनका आरोप है कि उनकी गैरमौजूदगी का फायदा उठाकर भू-माफियाओं ने उनकी 95 डिसमिल पुश्तैनी जमीन में गड़बड़ी की कोशिश की.
बीएसएफ जवान का आरोप
जवान का आरोप है कि जाकिउल्लाह उर्फ तनवीर नाम के व्यक्ति ने अपनी असली पहचान छिपाकर फर्जी दस्तावेज तैयार किए और राजस्व रिकॉर्ड में जमीन का रकबा कम करा दिया. हालांकि बाद में जांच में यह गड़बड़ी पकड़ी गई और रिकॉर्ड दुरुस्त किया गया, लेकिन मामला यहीं नहीं रुका. अब जवान का आरोप है कि प्रेम महतो नामक व्यक्ति ने उनके घर और संपत्ति पर ही अवैध कब्जा जमा लिया है. परिवार का कहना है कि घर की ओर सीसीटीवी कैमरा लगा दिया गया है, जिससे घर की महिलाएं असहज महसूस करतीं हैं.
मामले की जानकारी मिलने के बाद पंजाब में ड्यूटी पर तैनात बीएसएफ जवान को छुट्टी लेकर घर लौटना पड़ा. उनका आरोप है कि उनके परिवार को जान से मारने की धमकी दी जा रही है.
मां ने लगाई न्याय की गुहार
वहीं जवान की मां मजिबर बीबी कहती हैं कि उनके बेटे के देश सेवा में रहते हुए परिवार को परेशान किया जा रहा है. उनका कहना है कि मजबूरी में बेटे को ड्यूटी छोड़कर घर आना पड़ा. उन्होंने प्रशासन से न्याय की गुहार लगाई है.
डीसी ने सीओ को जांच के निर्देश दिए
वहीं इस संबंध में धनबाद डीसी आदित्य रंजन ने कहा कि मामले की शिकायत मिली है. उन्होंने संबंधित अंचलाधिकारी को जांच के निर्देश दिए हैं. जांच में मामला सत्य पाए जाने पर कड़ी कार्रवाई की जाएगी.
आरोप साबित होने पर कार्रवाई तय-एसएसपी
वहीं धनबाद एसएसपी प्रभात कुमार ने कहा कि मामले की जानकारी ली जा रही है. किसी की जमीन और घर पर कब्जा करना सरासर गलत है. अगर जांच में मामला सही पाया गया तो कानूनी कार्रवाई निश्चित है.





