खराब सड़क सुधारने टीचर्स ने उठाया फावड़ा और कुदाल, डीईओ ने मांगा स्पष्टीकरण

बलरामपुर: बारिश के दिनों में खराब सड़कों के कारण टीचर्स को स्कूल पहुंचने में काफी परेशानी होती थी. कभी उनकी गाड़ी कीचड़ में फंस जाती तो कभी उन्हें स्कूल पहुंचने में देर हो जाती. इस परेशानी को दूर करने शिक्षकों ने खुद ही सड़क सुधारने का मन बनाया और इस पर काम शुरू कर दिया.
बारिश में कीचड़भरी सड़क से परेशान शिक्षक: राजपुर क्षेत्र के धंधापुर गांव में संचालित हायर सेकेंडरी विद्यालय में पदस्थ शिक्षक शिक्षिकाएं बलरामपुर को सूरजपुर जिले से जोड़ने वाली सड़क से रोज स्कूल आना जाना करते थे. लेकिन इस रास्ते में कई जगह सड़क कच्ची है. लगातार बारिश के कारण सड़क कीचड़ के कारण खराब हो गई है. इसी सड़क से आने जाने के दौरान कई बार टीचर्स की गाड़ी कीचड़ में फंस जाती थी. जिससे उन्हें काफी पेरशानी झेलनी पड़ती थी. इसके साथ ही हर रोज स्कूल पहुंचने में भी देरी हो रही थी.
शिक्षकों ने श्रमदान कर सड़क मरम्मत की: टीचर्स ने खराब सड़क को सुधारने का बीड़ा अपने हाथों में उठाया और फावड़ा कुदाल लेकर सड़क की मरम्मत शुरू कर दी. जिसका वीडियो चर्चा में आ गया. इस वीडियो में दो शिक्षक और दो शिक्षिकाएं फावड़े और कुदाल से सड़क की मरम्मत करते हुए दिखाई दे रहे थे. लेकिन टीचर्स का श्रम दान शिक्षा विभाग को रास नहीं आया. शिक्षा विभाग ने सभी टीचर्स से मामले में स्पष्टीकरण मांगा है.
श्रमदान करने वाले शिक्षकों से मांगा स्पष्टीकरण: जिला शिक्षा अधिकारी डीएन मिश्रा ने मीडिया से बात करते हुए कहा कि मेरे संज्ञान में बात आई है कि हायर सेकेंडरी स्कूल धंधापुर के दो महिला और दो पुरुष शिक्षक रोड की मरम्मत करते पाए गए हैं. जांच और उनसे स्पष्टीकरण के बाद नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी.





