मंत्री केदार कश्यप पर मारपीट के आरोप, कांग्रेस की मांग, साय सरकार ले एक्शन, मंत्री का दीपक बैज पर पलटवार

बस्तर: छत्तीसगढ़ की विष्णुदेव साय सरकार के कैबिनेट मंत्री केदार कश्यप पर जगदलपुर सर्किट हाउस के एक कर्मचारी ने मारपीट के आरोप लगाए हैं. कर्मचारी ने इस बाबत जगदलपुर कोतवाली थाने में शिकायत दर्ज कराने के लिए आवेदन पत्र सौंपा है. पीड़ित कर्मचारी ने आरोप लगाया है कि बस्तर दौरे से वापसी के दौरान उसके साथ बदसलूकी की गई है. जानकारी के मुताबिक कर्मचारी पर यह आरोप लगाया जा रहा है कि कर्मचारी ने सर्किट हाउस का दरवाजा नहीं खोला था जिसे लेकर मंत्री ने नाराजगी जताई और मारपीट की. अब इस पूरे मसले पर सियासी संग्राम तेज हो गया है. कांग्रेस ने मंत्री केदार कश्यप से इस्तीफे की मांग की है. पीसीसी चीफ दीपक बैज ने साय सरकार पर हमला बोला है और मंत्री केदार कश्यप को बर्खास्त करने की मांग की है.
कर्मचारी ने क्या आरोप लगाए ?: पीड़ित कर्मचारी खितेंद्र पांडेय ने बताया कि शनिवार शाम 7 बजे वे सर्किट हाउस में नास्ता तैयार कर रहे थे. इस दौरान मंत्री के पीएसओ ने उन्हें बुलाया और उसके साथ मंत्रीजी ने बदसलूकी की.
मैं शनिवार की शाम को जगदलपुर सर्किट हाउस में नास्ता तैयार कर रहा था.इस दौरान मंत्री केदार कश्यप के पीएसओ ने मुझे बुलाया और मंत्री के पास लेकर गए. वहां मंत्री केदार कश्यप ने मेरा कॉलर पकड़ा और मेरे साथ गाली गलौज की.मुझे कमरे में बुलाकर मेरे साथ मारपीट भी की.जिसके बाद अपनी शिकायत लेकर मैं कोतवाली थाना पहुंचा.यहां एफआईआर के लिए मैंने आवेदन दिया है- खितेन्द्र पांडेय, पीड़ित कर्मचारी
कांग्रेस ने मंत्री केदार कश्यप का इस्तीफा मांगा: इस पूरे मुद्दे ने सियासी तूल पकड़ लिया है. पीसीसी चीफ दीपक बैज ने जगदलपुर में प्रेस कॉन्फ्रेंस कर कहा कि यह घटना काफी निंदनीय है. उन्होंने आरोप लगाए कि मंत्री केदार कश्यप द्वारा मारपीट का यह पहला मामला नहीं है. इससे पहले भी साल 2018 में मंत्री केदार कश्यप ने कोंडागांव सर्किट हाउस में मारपीट की थी.
मंत्री केदार कश्यप सत्ता के नशे में चूर हैं. उन्हें सत्ता का घमंड है.जिसके कारण वे जनता को भूल गए हैं.जिस जनता ने वोट देकर उन्हें मंत्री बनाया उनके साथ मारपीट की जा रही है.जिस तरह भाजपा ने प्रधानमंत्री की माता के साथ गाली गलौज के मुद्दे को लेकर देशभर में हल्ला किया .वैसे ही अब मंत्री द्वारा दैनिक वेतनभोगी कर्मचारी की माता को लेकर गाली गलौज किया गया है.क्या इस मामले को लेकर भाजपा मंत्री को नोटिस देकर कार्रवाई करेगी- दीपक बैज, पीसीसी चीफ
“मंत्री केदार कश्यप इस्तीफा दें, साय सरकार उन्हें हटाए”: पीसीसी चीफ दीपक बैज ने मंत्री केदार कश्यप के इस्तीफे की मांग की है.उन्होंने कहा है कि मंत्री केदार कश्यप को अपने पद से इस्तीफा देना चाहिए.यदि इस्तीफा नहीं देते हैं तो मुख्यमंत्री उनसे पद लेकर उन्हें पार्टी से बर्खास्त करें. दीपक बैज ने कहा कि पीड़ित कर्मचारी को क्या न्याय मिलेगा या पीड़ित कर्मचारी को ही उसके पद से हटाया जाएगा. यह सबसे बड़ा सवाल है.
दंतेवाड़ा में कांग्रेस का प्रदर्शन:वन मंत्री केदार कश्यप के खिलाफ दंतेवाड़ा में कांग्रेस ने विरोध प्रदर्शन किया. कार्यकर्ताओं ने दंतेवाड़ा कांग्रेस राजीव भवन के समक्ष मंत्री का पुतला दहन किया और नारेबाजी की. इस दौरान कांग्रेस कार्यकर्ताओं और पुलिस के बीच झूमाझटकी हुई. कांग्रेस जिला महामंत्री और प्रवक्ता विमल सलाम ने कहा कि यह घटना भाजपा की असली मानसिकता को उजागर करती है, जहां जनता की सेवा करने वाले कर्मचारियों को भी अपमानित और प्रताड़ित किया जा रहा है. यह घटना भाजपा नेताओं के चरित्र और उनकी हकीकत को उजागर करती है. जनसेवक कहलाने वाले मंत्री का यह आचरण जनता के सेवक के बजाय दबंगई और तानाशाही वाले मानसिकता को दर्शाता है.
छविंद्र कर्मा ने भी बोला हमला: पीसीसी सयुक्त महामंत्री छविंद्र कर्मा ने बताया कि मंत्री केदार कश्यप द्वारा गेस्ट हाउस के गरीब कर्मचारी और उसकी मां का अपमान करना न केवल अमानवीय है, बल्कि हमारे सामाजिक मूल्यों पर भी गहरी चोट है.प्रधानमंत्री मोदी जी बार-बार “मां” को देश की मां बताते हैं, परंतु सवाल यह है कि गरीब कर्मचारी की मां के सम्मान का क्या? क्या मां का सम्मान केवल भाषणों तक ही सीमित है और धरातल पर भाजपा मंत्री आमजन की माताओं का अपमान करेंगे.
वन मंत्री केदार कश्यप का कांग्रेस पर हमला: इस पूरे मसले पर छत्तीसगढ़ के वन एवं पर्यावरण मंत्री केदार कश्यप ने पलटवार किया है. उन्होंने कहा है कि कांग्रेस मुद्दा विहीन हो चुकी है और तरह-तरह के भ्रामक प्रचार करने में माहिर है. सर्किट हाउस की घटना को लेकर कांग्रेस ने मनगढ़ंत कहानी गढ़ी और सोशल मीडिया के जरिए गलत जानकारी फैलाने का काम किया है. मारपीट की कोई घटना घटी ही नहीं है. कांग्रेस केवल अनर्गल आरोप लगाकर राजनीतिक लाभ लेना चाह रही है.





