राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन का नाश्ता स्टॉल, सुकमा में सफेद कोट वालों ने लगाई चाय भजिया की दुकान

सुकमा: छत्तीसगढ़ के सभी जिलों में एनएचएम कर्मचारियों की हड़ताल जारी है. अनिश्चकालीन आंदोलन के 22वें दिन एनएचएम कर्मचारी संघ ने अलग अलग जिलों में खाने का स्टॉल लगाकर प्रदर्शन किया. सुकमा में एनएचएम के कर्मचारियों ने नाश्ता स्टॉल लगाया और लोगों को खाने पीने की चीजें बेचते नजर आए.
सुकमा में एनएचएम कर्मियों का फूड स्टॉल: सुकमा बाजार में डॉक्टर, नर्स और स्वास्थ्यकर्मी जिन्होंने कभी मरीजों को ऑक्सीजन और दवाइयों से जिंदगी दी थी, अब वही जनता को NHM नाश्ता स्टॉल पर चाय, दहीवड़ा, भेल और भजिया परोसते दिखाई दिए.
आश्वासन नहीं लिखित आदेश जारी करे सरकार: जिला प्रवक्ता ने आगे कहा कि स्वास्थ्य मंत्री ने बयान दिया है कि पांच मांगों को पूरा कर चुके हैं, जिसके लिए 6 सदस्यीय कमिटी का गठन किया जा रहा है. मोदी की गारंटी में 100 दिन के अंदर एक कमिटी बनाने का वादा किया गया था. प्रदेश में नई सरकार को आए 20 महीने बीत चुके हैं. लेकिन अब भी कमिटी गठन की बात करना समझ से परे हैं.
भूख हड़ताल की चेतावनी: एनएचएम संघ के प्रवक्ता मुकेश बक्शी ने चेतावनी दी कि जब तक लिखित आदेश जारी नहीं होगा, आंदोलन खत्म नहीं होगा. जरूरत पड़ी तो भूख हड़ताल और आमरण अनशन का रास्ता भी अपनाएंगे.
जिलाध्यक्ष डॉ वेद प्रकाश साहू और उपाध्यक्ष रीना नायडू ने भी यही कहा कि अब पीछे हटने का कोई सवाल ही नहीं है. धरना स्थल पर नवीन पाठक, डॉ. प्रदीप पटेल, जय नारायण सिंह, डॉ. रंजना पटेल, बसंती, हिमानी सरकार, डॉ. विजय, राजेन्द्र पांडेय, जितेंद्र नामदेव, हिमांशु जायसवाल, सरफराज नवाज, शाश्वत सिंह, मंजीता लकड़ा, मनीषा नेताम, भारती नेताम, हर्षा नागवंशी सहित कोंटा, छिंदगढ़ और सुकमा के बड़ी संख्या में अधिकारी-कर्मचारी उपस्थित रहे.





