पामगढ़ विधायक शेषराज हरवंश के वायरल ऑडियो की जांच की मांग, बीजेपी ने लगाए आरोप
जांजगीर-चांपा: जिले की पामगढ़ विधायक शेषराज हरवंश का एक कथित ऑडियो वायरल होने के बाद विवाद गहराता जा रहा है. इस मुद्दे पर आज बीजेपी ने प्रेस कॉन्फ्रेंस कर कई सवाल उठाए. बीजेपी नेताओं वायरल ऑडियो की जांच की मांग की है.
रेत माफिया को संरक्षण देने का आरोप: BJP जिला अध्यक्ष अम्बेश जांगड़े और बीजेपी अनुसूचित जाति मोर्चा जिला अध्यक्ष संतोष लहरे ने प्रेस कॉन्फ्रेंस की. उन्होंने शेषराज हरवंश पर रेत माफिया को संरक्षण देने और उनसे मोटी रकम लेने का आरोप लगाया.
इस वायरल ऑडियो की सच्चाई सामने आनी चाहिए. हम राज्य सरकार से इसकी निष्पक्ष जांच की मांग करते हैं. अगर विधायक निर्दोष हैं तो अब तक एफआईआर क्यों नहीं करवाई?– बीजेपी जिला अध्यक्ष अम्बेश जांगड़े
क्या है मामला?: कुछ दिन पहले एक ऑडियो वायरल हुआ था जिसमें शेषराज हरवंश पर आरोप है कि वे कलेक्टर और एसडीएम के साथ मिलकर रेत माफिया से हर महीने 10 लाख रुपये की मांग कर रहे हैं. विधायक ने इस ऑडियो को फर्जी बताते हुए कहा था कि यह AI से एडिट किया गया है और उन्हें बदनाम करने की साजिश है.
विधायक ने प्रेस कॉन्फ्रेंस में कहा था कि वह कुछ लोगों के खिलाफ FIR दर्ज कराएंगे. लेकिन अब तक किसी तरह की शिकायत थाने में नहीं दी गई है. इसे लेकर अब बीजेपी हमलावर हो गई है.
मैं खुद पामगढ़ विधानसभा से पूर्व प्रत्याशी रहा हूं. विधायक ने सोशल मीडिया के ज़रिए मुझे बदनाम करने की कोशिश की थी. मैं कहना चाहता हूं कि शेषराज हरवंश की मानसिक स्थिति ठीक नहीं लगती.- संतोष लहरे, बीजेपी अनुसूचित जाति मोर्चा के अध्यक्ष
बीजेपी का आरोप: संतोष लहरे का कहना है कि, जब शेषराज विधायक नहीं बनी थीं तब भी फर्जी लेटरपेड के जरिए सड़क बनाने के लिए झूठा पत्र वायरल किया गया था. अब वायरल ऑडियो में यह बात सामने आ रही है कि अधिकारी के नाम पर पैसे मांगे गए. सवाल यह है कि वह रकम अधिकारियों तक जाती थी या खुद रखती थीं? इसकी भी जांच जरूरी है.
इस पूरे मामले पर बीजेपी अब आक्रामक रुख में है. बीजेपी का कहना है कि राज्य सरकार को जांच करानी चाहिए, ताकि सच सामने आ सके.





