ऑपरेशन आघात : गांजा तस्कर की 50 लाख की संपत्ति फ्रीज, सफेमा कोर्ट ने जारी किया आदेश

जशपुर : जशपुर पुलिस का ऑपरेशन आघात लगातार नशे के कारोबारियों के खिलाफ एक प्रभावी अभियान के रूप में सामने आ रहा है. पुलिस ने इस बार जिले के कुख्यात गांजा तस्कर रोहित यादव की 50 लाख 64 हजार 653 रुपए मूल्य की अवैध संपत्ति को सफेमा (SAFEMA) कोर्ट, मुंबई के आदेश पर फ्रीज कराया है. पुलिस की ये कार्रवाई नशे के अवैध व्यापार से कमाई गई संपत्ति पर की गई है.जिसमें मकान, चार मोटरसाइकिल, एक स्कूटी और एक स्विफ्ट डिज़ायर कार शामिल है.
संपत्ति फ्रीज कराने की दूसरी कार्रवाई : यह कार्रवाई पूरे सरगुजा रेंज में दूसरी बड़ी SAFEMA कार्रवाई है. गौर करने योग्य बात ये है कि दोनों ही बार ये सफलता जशपुर पुलिस ने हासिल की है. इससे पहले इसी वर्ष मार्च 2025 में पुलिस ने थाना बागबहार क्षेत्र के ग्राम हल्दीझरिया निवासी कुख्यात तस्कर हीराधर यादव की 1 करोड़ 38 लाख 82 हजार 134 रुपए मूल्य की संपत्ति को फ्रीज कराया था.
2021 में रोहित यादव गया था जेल :आपको बता दें कि कोतबा चौकी क्षेत्र के ग्राम जामझोर निवासी रोहित यादव लंबे समय से गांजा तस्करी के धंधे में सक्रिय था. दिनांक 06 नवंबर 2021 को कोतबा पुलिस ने मुखबिर की सूचना पर रोहित यादव और उसके साथियों को गिरफ्तार कर उनके कब्जे से करीब 21 किलोग्राम गांजा जब्त किया था. इस पर एनडीपीएस एक्ट की धारा 20(B) के तहत अपराध पंजीबद्ध कर उन्हें जेल भेजा गया था.
खेती किसानी फिर भी करोड़ों की संपत्ति : कई बार की गिरफ्तारियों और पुलिस कार्रवाई के बावजूद भी रोहित यादव ने गांजा तस्करी को ही अपना पेशा बना लिया था. वह इसे अपने व्यवसाय की तरह चला रहा था. अवैध कमाई से धीरे-धीरे लाखों रुपए की संपत्ति अर्जित की थी. पुलिस जांच में ये भी पाया गया कि उसकी वैध आमदनी केवल खेती-किसानी से थी.जबकि उसके पास करोड़ों की संपत्ति का होना संदिग्ध था.
परिजनों के नाम खरीदी अवैध संपत्ति : इस पर वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक शशि मोहन सिंह ने तत्काल मामले की जांच के निर्देश दिए.उन्होंने एसडीओपी पत्थलगांव धुर्वेश कुमार जायसवाल को इस प्रकरण की विस्तृत जांच सौंपते हुए संपत्ति जब्ती की प्रक्रिया आरंभ करने के निर्देश दिए. जांच के दौरान यह स्पष्ट हुआ कि रोहित यादव और उसके परिजनों के नाम पर मकान, वाहन और बैंक खातों में 50 लाख रुपए से अधिक की संपत्ति है, जो उसकी वैध आय के स्रोत से मेल नहीं खाती.
इसके बाद एसडीओपी धुर्वेश जायसवाल ने मामले की पूरी रिपोर्ट सक्षम अधिकारी एवं प्रशासक (SAFEMA) कोर्ट, मुंबई को भेजी.अदालत ने आरोपी रोहित यादव को दो बार अपना पक्ष रखने का अवसर दिया, लेकिन वह सफेमा कोर्ट में पेश नहीं हुआ.इसके बाद अदालत ने एनडीपीएस एक्ट की धारा 68(f)(1) के तहत उसकी संपत्ति को फ्रीज करने का आदेश जारी किया.
गांजा तस्करी जैसे अपराधों से कमाई गई अवैध संपत्ति को अब किसी भी हाल में बख्शा नहीं जाएगा.यह कार्रवाई ऐसे तस्करों के लिए स्पष्ट संदेश है कि अगर वे नशे का धंधा नहीं छोड़ते, तो उनकी अवैध संपत्ति भी जब्त कर ली जाएगी- शशिमोहन सिंह, एसएसपी
एसएसपी ने आगे बताया कि जिले में अब तक दो कुख्यात तस्करों रोहित यादव और हीराधर यादव की संपत्ति SAFEMA कोर्ट के माध्यम से फ्रीज कराई गई है. इन दोनों मामलों में एसडीओपी पत्थलगांव धुर्वेश कुमार जायसवाल ने अत्यंत प्रोफेशनल ढंग से कार्य करते हुए महत्वपूर्ण योगदान दिया है.उन्होंने ये भी कहा कि कुछ और तस्कर भी जशपुर पुलिस के निशाने पर हैं, जिन पर जल्द ही इसी तरह की कार्रवाई की जाएगी.
जशपुर पुलिस की इस बड़ी कार्रवाई के बाद जिले में नशे के कारोबारियों में हड़कंप मच गया है. यह कार्रवाई केवल एक आरोपी तक सीमित नहीं रहेगी, बल्कि अब ऐसे सभी तस्करों के खिलाफ पुलिस इस प्रकार की कठोर कार्रवाई जारी रखेगी.





