March 15, 2026 5:19 pm
ब्रेकिंग
Assembly Election 2026 Dates: पांच राज्यों में विधानसभा चुनाव की घोषणा, बंगाल में इतने चरणों में मतद... Google Chrome यूजर्स सावधान! 350 करोड़ लोगों के डेटा पर बड़ा खतरा; गूगल ने जारी किया इमरजेंसी अपडेट,... UP Politics: अखिलेश यादव की देशभक्ति पर केशव मौर्य ने क्यों उठाया सवाल? डिप्टी सीएम के तीखे बयान से ... चैत्र नवरात्रि 2026: पहला और अष्टमी व्रत क्यों है सबसे महत्वपूर्ण? जानें व्रत के जरूरी नियम, सावधानि... आम जनता को बड़ी राहत! मिडल ईस्ट में युद्ध के बीच भी नहीं बढ़ेंगे पेट्रोल-डीजल के दाम; सरकार ने बनाया य... भदौड़ में सुखबीर बादल की दहाड़! "नशे और गैंगस्टर का करना होगा सफाया तभी बचेगा पंजाब"; अकाली दल की सर... पंजाब में फिर लौटेगी ठंड! 9 जिलों में ओले गिरने का 'ऑरेंज अलर्ट'; 50kmph की रफ्तार से चलेंगी हवाएं, ... जालंधर वासियों की बल्ले-बल्ले! 10 साल बाद फिर दौड़ेगी 'सिटी बस', सड़कों पर उतरेंगी 97 इलेक्ट्रिक बसे... स्कूली छात्रों के लिए खुशखबरी! NCERT ने लिया अब तक का सबसे बड़ा फैसला; किताबों का बोझ होगा कम, बदल ज... Ludhiana Excise Policy 2026-27: लुधियाना में 32 शराब ग्रुप्स हुए रिन्यू, लाइसेंस फीस में भारी इजाफा;...
पंजाब

राजा वड़िंग का नया विवाद! वायरल वीडियो ने बढ़ाई मुश्किलें, SGPC ने लिया कड़ा एक्शन

चंडीगढ़ : पंजाब कांग्रेस के प्रदेश अध्यक्ष अमरिंदर सिंह राजा वड़िंग एक नए विवाद में घिर गए हैं, जिसमें उन पर दो सिख बच्चों के केशों से छेड़छाड़ का आरोप लगा है। वहीं इस घटना पर शिरोमणि गुरुद्वारा प्रबंधक समिति (SGPC) ने कड़ा संज्ञान लिया है तथा राजा वडिंग के खिलाफ तरनतारन के वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक (SSP) को औपचारिक शिकायत सौंपी है और उन पर कानूनी कार्रवाई की मांग की है। शिकायत में SGPC ने आरोप लगाया है कि राजा वड़िंग ने विधानसभा चुनाव प्रचार के दौरान कुछ नाबालिग सिख बच्चों के केसों (बालों) के साथ मजाक और छेड़छाड़ करते हुए एक आपत्तिजनक वीडियो बनाया, जो अब सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है।

वायरल हो रहे वीडियो में कांग्रेस नेता राजा वड़िंग दो छोटे सिख बच्चों के केसों को हाथों से छूते हुए, हंसते और मजाक करते नजर आते हैं। वीडियो में वड़िंग के लहजे और हावभाव को SGPC ने “सिख मर्यादा का अपमान” बताया है।
समिति ने कहा है कि केस (बाल) सिख धर्म की सबसे महत्वपूर्ण पहचान हैं, और किसी भी व्यक्ति, विशेषकर राजनीतिक नेता द्वारा इस तरह की हरकत न केवल अनुचित है, बल्कि धार्मिक भावनाओं को ठेस पहुंचाने वाली भी है। एस.जी.पी.सी. का कहना है कि यह न केवल सिख मर्यादा के खिलाफ है, बल्कि सिख आस्था का अपमान भी है।”

समिति ने इस वीडियो को “बच्चों का मजाक उड़ाने वाला और धार्मिक भावनाओं को ठेस पहुंचाने वाला कृत्य” करार दिया है। SGPC ने इस घटना को लेकर कड़ा विरोध जताया है और कहा कि वे इस मामले को कानूनी स्तर पर आगे बढ़ाने के लिए तैयार हैं।

Related Articles

Back to top button