रीवा में गाड़ियों के पहियों में लगाई गई बेड़ियां, ट्रैफिक पुलिस का चक्का अरेस्ट एक्सपेरिमेंट

रीवा: शहर में तेजी से बढ़ते जा रहे वाहनों की संख्या ने यातायात पुलिस के साथ ही लोगों के लिए मुश्किलें खड़ी कर दी हैं. पूरा शहरी इलाका आए दिन जाम से जूझ रहा है. ऐसे में न तो यहां के दुकानदार ट्रैफिक नियमों का पालन कर रहे हैं और न ही वाहन चालक. ट्रैफिक नियमों को ठेंगा दिखाते हुए नियम और कानून की खुलेआम धज्जियां उड़ाई जा रही हैं. यातायात पुलिस की ओर से कई बार हिदायत दी गई, इसके बावजूद भी लोग मनमानी करने से बाज नहीं आ रहे. ऐसे लोगों के लिए अब ट्रैफिक पुलिस ने सख्त रुख इख्तियार कर लिया है.
रीवा में सख्त हुई ट्रैफिक पुलिस, वाहनों को लगाई बेड़ियां
शनिवार को ट्रैफिक पुलिस ने कार्रवाई करते हुए सड़क पर बेतरतीब खड़े दो पहिया और चार पहिया वाहनों पर कड़ी कार्रवाई करते हुए उनपर बेड़ियां डाल दीं. जिसके बाद ट्रैफिक नियमों का उल्लंघन कर रहे वाहन चालकों के बीच हड़कंप मचा हुआ है. शहर में बेतहाशा बढ़ रहे वाहनों और लगातार बिगड़ते ट्रैफिक सिस्टम ने आम लोगों से लेकर पुलिस प्रशासन तक सबको हैरान और परेशान कर दिया है. शहर का लगभग हर मुख्य चौराहे और मुख्य सड़के रोजाना जाम से रही हैं.
सड़कों में पार्क कर रहे थे वाहन, ट्रैफिक पुलिस का एक्शन
शनिवार की शाम यातायात थाना प्रभारी अनीमा शर्मा के निर्देश पर शहर के अलग-अलग इलाकों में कड़ा अभियान चलाया गया. जहां सड़क पर बेतरतीब तरीके से खड़े दोपहिया और चार पहिया वाहनों पर पुलिस ने बेड़ियां डालकर कार्रवाई करनी शुरू कर दी. अचानक हुई इस कार्रवाई से सड़क किनारे पार्किंग करने वाले वाहन चालकों के बीच हड़कंप मच गया. जिन लोगों के वाहन नियम तोड़ते पाए गए घंटों अपनी गाड़ियों के पास खड़े राहत की उम्मीद करते नजर आए. लेकिन यातायात पुलिस का साफ कहना है अब मनमानी नहीं चलेगी नियम तोड़ा तो गाड़ी भी थमेगी और जुर्माना भी लगेगा.
एमरजेंसी वाहन भी होते हैं जाम के शिकार
शहर के प्रत्येक मुख्य मार्ग हों या फिर चौक चौराहे हो, हर तरफ सुबह से लेकर शाम और रात तक जाम की स्थिति निर्मित रहती हैं. ऐसे मे एमरजेंसी वाहन चाहे वह दमकल की गाड़ियां हो या फिर किसी घटना स्थल पर जा रही पुलिस की गाड़िया हों, या फिर गंभीर मरीज को अस्पताल लेकर जा रही एम्बुलेंस ही क्यों न हों उन्हें भी जाम के झाम से जूझना पड़ जाता है. ऐसे में कभी-कभी एम्बुलेंस से अस्पताल पहुंचने वाला मरीज इलाज में देरी होने के चलते रास्ते में ही दम तोड़ देता है.वाहन चालक और दुकानदार बने ट्रैफिक पुलिस के लिए मुसीबत
अब अगर बात करें शहर के अंदर मार्गों की तो कॉलेज चौराहे से लेकर शिल्पी प्लाजा तक आए दिन जाम स्थिति निर्मित होती है. घोड़ा चौराहे से लेकर फोर्ट रोड तक जाम, अस्पताल चौराहे से लेकर सिरमौर चौराहे तक का अमहिया मार्ग ही क्यों न हो जहां पर आए दिन घंटो भीषण जाम की स्थिति निर्मित न होती हो, वजह है सिर्फ और सिर्फ शहर में संचालित दुकाने, ऑटो चालक, दो पहिया और चार पहिया वाहन चालक. यहां पर दुकानदारों के द्वारा न ही कोई पार्किंग की व्यवस्था की गई है और न ही ऑटो चालकों के द्वारा निर्धारित स्थानों पर रुककर सवारियों को बैठाया या उतारा जाता है.
जागरूकता का पाठ पढ़ाने के बाद भी स्थिति जस की तस
वैसे तो शासन और प्रशासन की ओर से शहर की प्रत्येक सड़कों का चौड़ीकरण किया गया. सड़के पक्की कराई गईं, कई फ्लाई ओवर बने मगर इसके बावजूद भी स्थिति आसमान्य है. वजह है लोगों के द्वारा यातायात के नियमों का पालन न करना. कई इलाकों में तो हालत ऐसे हैं कि दुकानदारों के द्वारा संचालित अपनी दुकानों के बाहर अवैध अतिक्रमण किया गया है, जिससे यातायात और भी ज्यादा प्रभावित हो रहा है. समय-समय पर यातायात पुलिस की ओर से यातायात जागरूकता अभियान चलाकर लोगों को ट्रैफिक नियमों का पाठ पढ़ाया जाता है, मगर लोग मनमानी करने से बाज नहीं आ रहे हैं.
कार्रवाई जारी रही तो सुधर सकते हैं ट्रैफिक के हालत
शनिवार की देर शाम सख्त रुख अख्तियार करते हुए यातायात पुलिस ने कड़ी कार्रवाई की. ट्रैफिक पुलिस के द्वारा शहर की सड़कों को अवरुद्ध कर रहे चार पहिया और दो पहिया वाहनों पर बेड़ियां लगा दी गईं. साथ ही चालानी कार्रवाई करते हुए वाहन चालकों को सख्त हिदयात भी दी गई. जिसके बाद वाहन चालकों के बीच हड़कंप मच गया. यातायात की यह पहल अब तभी कारगर साबित होगी जब इस तरह कड़ी कार्रवाई लगातार जारी रहे. जिससे लोगों को रीवा शहर में जाम से निजात मिल सके और लोग आसानी से अपना सफर तय कर सकें.
वाहनों मे लगाए गए व्हील और चैन लॉक, चालानी कार्रवाई के साथ हिदायत
यातायात थाना प्रभारी अनीमा शर्मा ने बताया कि, ”शहर के फोर्ट रोड स्थित सराफा बाजार सहित अन्य इलाकों मे सड़कों पर अव्यवस्थित पार्किंग किए गए वाहन चालकों के विरुद्ध सख्त कार्रवाई की गई है, जिसमें चार पहिया वाहनों के साथ ही दो पहिया और चार पहिया वाहनों पर व्हील लॉकिंग के साथ ही चैन लॉकिंग की गई है. साथ ही अनाउन्समेंट के माध्यम से संचालित दुकानदारों से अपील भी की गई है कि, दुकान का समान बाहर रोड पर न रखें और अपने ग्राहकों को व्यवस्थित वाहन पार्किंग के लिए जागरूक करें. शहर में कई ऐसे इलाके हैं जहां पर पार्किंग की पर्याप्त व्यवस्था है. लोगों से अपील है की पार्किंग स्थलों पर ही अपने वाहनों को पार्क करें.”
जाम के लिए समाज के साथ व्यापारी भी जिम्मेदार
रीवा में बढ़ते यातायात के दबाव को लेकर समाज सेवी बीके माला का कहना हैं कि, “शहर में आए दिन ट्रैफिक जाम की स्थिति निर्मित होती है, जिसमें जनमानस के साथ ही रीवा के व्यापारी वर्ग की भी लापरवाही है. इसके लिए प्रशासन को लगातार मुस्तैद रहना चाहिए और जन जागरूकता अभियान भी चलाना चाहिए, छोटे या बड़े व्यापारी इस बात का ध्यान रखें की सड़क पर वाहन या ठेले खड़े न हों इसके लिए नगर निगम प्रशासन और यातायात के अधिकारी मास्टर प्लान तैयार करें.”
समाजसेवी बीके माला ने कहा कि, ”बढ़ते यातायात के चलते जनता को ट्रैफिक रूल्स अपनाने होंगे, साथ ही प्रशासन का सहयोग करना होगा. यातायात प्रभावित होने से केवल जनमानस ही नहीं बल्कि व्यापार भी प्रभावित होता है. इस तरह की कार्रवाई निरंतर चलती रहे, ताकि शहर का यातायात सुगम और सुरक्षित हो जाए.”





