March 23, 2026 2:22 am
ब्रेकिंग
Hydrogen Train Trial India: जींद में हाइड्रोजन ट्रेन का ट्रायल फेल, गैस प्लांट में आई तकनीकी खराबी; ... हरियाणा को बड़ी सौगात! इन रूटों पर बिछेंगी नई रेलवे लाइनें, अब मिनटों में तय होगा घंटों का सफर विधायक कुलदीप वत्स के घर पहुंचे भूपेंद्र हुड्डा! क्रॉस वोटिंग के सवाल पर 'कतराते' नजर आए पूर्व सीएम;... Bhiwani Honeytrap Case: भिवानी में बुजुर्ग बना हनीट्रैप का शिकार, मां-बेटे समेत 4 आरोपी गिरफ्तार; जा... Faridabad High-Voltage Drama: फरीदाबाद में 150 फीट ऊंची पानी की टंकी पर चढ़ा शराबी युवक, पुलिस ने जा... इंद्री में 'गौवंश हत्या' पर भारी आक्रोश! महापंचायत का बड़ा ऐलान—"2 दिन में गिरफ्तारी नहीं तो पूरा हर... HBSE Exams 2026: हरियाणा में नकल पर नकेल, 291 छात्रों पर केस दर्ज; लापरवाही बरतने वाले 61 सुपरवाइजर ... Uzbekistan Kidnapping News: उज्बेकिस्तान में कुरुक्षेत्र के तीन युवक अगवा, बेरहमी से पिटाई और 45 लाख... Haryana Farmers to Africa: केन्या और तंजानिया में खेती का मौका, हरियाणा सरकार की बड़ी पहल; जानें कैस... हरियाणा में 'डिजिटल राजस्व' की क्रांति! पटवारियों और कानूनगो के हाथों में होंगे स्मार्ट टैबलेट; अब ए...
झारखण्ड

रिम्स के बाद हरमू नदी, बड़ा तालाब और डैम होंगे अतिक्रमण मुक्त! हाईकोर्ट का आदेश- दो हफ्ते में करें पूरा

रांची: रांची के हरमू नदी, बड़ा तालाब और कांके, धुर्वा जैसे प्रमुख डैमों के आसपास फैले अतिक्रमण को झारखंड हाईकोर्ट ने दो सप्ताह के भीतर हटाने का सख्त निर्देश दिया है. जलाशयों के कैचमेंट एरिया पर हुए अवैध कब्जे और प्रदूषण पर कोर्ट ने कड़ी नाराजगी जताते हुए कहा है कि पानी के स्रोत बचाने के लिए अब देरी बर्दाश्त नहीं की जाएगी. चीफ जस्टिस तरलोक सिंह चौहान और जस्टिस सुजीत नारायण प्रसाद की खंडपीठ ने जनहित याचिकाओं पर सुनवाई करते हुए यह आदेश दिया है.

हाईकोर्ट ने अतिक्रमण मुक्त करने का दिया निर्देश

झारखंड हाई कोर्ट के अधिवक्ता धीरज कुमार ने बताया कि खंडपीठ ने जिला प्रशासन और नगर निगम को मिलकर दो सप्ताह के भीतर अतिक्रमण हटाने का निर्देश दिया है। साथ ही, प्लास्टिक कचरे से मुक्ति दिलाने और इसकी रिपोर्ट उपलब्ध कराने का आदेश भी दिया है, अन्यथा अवमानना की कार्रवाई की जाएगी। मामले की अगली सुनवाई 6 जनवरी को होगी।

उन्होंने बताया कि हाई कोर्ट ने बड़ा तालाब, हरमू नदी और डैमों के आसपास बने अवैध निर्माणों को चिन्हित कर त्वरित अभियान चलाने का निर्देश दिया है। अदालत ने यह भी कहा है कि अतिक्रमण हटाने के बाद इन क्षेत्रों को नो-एंट्री ज़ोन घोषित कर कंटीले तारों से घेरा जाए, ताकि भविष्य में कोई कब्जा न हो सके

कई क्षेत्र को किया गया अतिक्रमण मुक्त

नगर निगम की ओर से अधिवक्ता एलसीएन शाहदेव ने पक्ष रखा. प्रार्थी की ओर से अधिवक्ता खुशबू कटारिका ने बड़ा तालाब से गाद और कचरा हटाने के लिए विशेषज्ञों की रिपोर्ट अब तक सरकार के स्तर पर पेश नहीं किए जाने की जानकारी दी. उन्होंने कहा कि मुक्तिधाम के पास हरमू नदी में प्लास्टिक और कचरा भरा रहता है. खंडपीठ ने कांके डैम, धुर्वा डैम, गेतलसूद डैम जैसे जल स्रोतों को अतिक्रमण मुक्त करने के लिए की गई कार्रवाई पर असंतोष जाहिर की है.

बता दें कि इसी महीने झारखंड हाईकोर्ट ने रिम्स परिसर की करीब 10 एकड़ जमीन पर हुए अवैध कब्जे को गंभीरता से लेते हुए 72 घंटे के भीतर अतिक्रमण हटाने का आदेश दिया था. इस मामले में अब तक दर्जनों कच्चे मकान तोड़े जा चुके हैं. कई क्षेत्र को कब्जे से मुक्त किया जा चुका है. अब एक बहू मंजिलें अपार्टमेंट पर कार्रवाई चल रही है.

Related Articles

Back to top button