पेंच लौटी लंगड़ी बाघिन, बहन का रिकॉर्ड तोड़ बनी मध्य प्रदेश की सबसे उम्रदराज महारानी

सिवनी: सबसे उम्रदराज बाघिन के दीदार करना हो तो पेंच टाइगर रिजर्व घूमने का फटाफट प्लान कर लीजिए. क्योंकि अब यहां लंगड़ी बाघिन टूरिस्ट को नजर आने लगी है. माना जा रहा है कि मध्य प्रदेश के सभी टाइगर रिजर्व में सबसे उम्र दराज की ये बाघिन है. लंगड़ी बाघिन पेंच पार्क की सबसे प्रसिद्ध कॉलर वाली बाघिन की बहन है. इससे पहले कॉलर वाली बाघिन के नाम सबसे उम्रदराज बाघिन होने का रिकॉर्ड दर्ज था.
मध्य प्रदेश की सबसे उम्रदराज बाघिन है लंगड़ी
सिवनी के पेंच टाइगर रिजर्व में लंगड़ी बाघिन अब सिवनी जिले की ही नहीं बल्कि मध्य प्रदेश के नेशनल पार्कों की सबसे उम्र दराज बाघिन हो गई है. कुछ साल से नजर न आने पर उसकी मौत की अफवाह उड़ गई थी. लंगड़ी बाघिन की उम्र करीब 17 साल है.
15 साल तक होती है बाघ की औसत उम्र
वाइल्ड लाइफ एक्सपर्ट डॉ. अंकित मेश्राम ने बताया कि, ”आमतौर पर बाघ की उम्र 12 से 15 साल की होती है. लेकिन चिड़ियाघर हो या फिर कैद में रहे तो उनकी उम्र 20 से 25 साल भी हो सकती है. क्योंकि यहां ये सुरक्षित जीवन जीते हैं. पेंच नेशनल पार्क की लंगड़ी बाघिन अब 17 साल की हो चुकी है और जीवित अवस्था में है.
हालांकि शारीरिक रूप से कमजोर होने के बाद वह सर्वाइव कर रही है. लंगड़ी बाघिन अपने पुराने क्षेत्र कर्माझिरी में लौट आई है. अक्टूबर फिर दिसंबर में पर्यटकों को नजर आई है थी. जिसकी फोटो और वीडियो भी सामने आने के बाद उसके जिंदा होने के सबूत मिल गए हैं. जिससे न केवल पेंच प्रबंधन बल्कि पर्यटक भी खुश हैं कि उनको पेंच और प्रदेश की सबसे उम्र दराज बाघिन देखने का मौका मिल रहा है.
2008 में पहली बार पेंच टाईगर रिजर्व में हुई थी ट्रेस
पेंच टाईगर रिजर्व के डिप्टी डायरेक्टर रजनीश कुमार सिंह ने बताया, ”मध्य प्रदेश के सभी टाइगर रिजर्व में जिन बाघों की जानकारी उपलब्ध है, उस हिसाब से पेंच टाइगर रिजर्व की लंगड़ी बाघिन सबसे उम्रदराज बाघिन है. क्योंकि हमें जो जानकारी प्राप्त होती है वह टूरिज्म एरिया के बाघों और बाघिन की होती है. कई घने जंगलों में बिना जानकारी वाले बाघ भी हो सकते हैं. पेंच में बाघिन को साल 2008 में पहली बार पर्यटकों और गाइडों ने देखा था.
कॉलर वाली बाघिन की बहन है लंगड़ी
बाघिन के सामने के बाद एक पैर के पंजे को अजीब तरीके से रखते देखकर उसे लंगड़ी नाम दे दिया गया. जिसका एक रिकॉर्ड भी कागजों में पेंच नेशनल पार्क में मौजूद है. पेंच नेशनल पार्क के डिप्टी डायरेक्टर ने बताया कि, ”ये लंगड़ी बाघिन पेंच पार्क की सबसे प्रसिद्ध बाघिन कालर वाली बाघिन की बहन है. जिस बाघिन ने कॉलर वाली बाघिन को जन्मा था. उसी बाघिन ने साल 2008 में लंगड़ी बाघिन को जन्म दिया था. 2005 में जन्मी कॉलर वाली बाघिन की 2022 में 17 साल की उम्र में मौत हो चुकी है. जबकि 2008 में जन्मी लंगड़ी बाघिन अभी भी जीवित है. यह कहा जा सकता है कि लंगड़ी बाघिन ने अपनी ही बहन के रिकॉर्ड को तोड़कर मध्य प्रदेश में सबसे अधिक उम्रदराज का रिकॉर्ड कायम कर लिया है.”





