बलरामपुर में आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं और सहायिकाओं का प्रदर्शन

बलरामपुर: बलरामपुर जिला मुख्यालय में सोमवार को आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं और सहायिकाओं ने बुधवारी बाजार में एक दिवसीय धरना प्रदर्शन किया. आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं और सहायिकाओं का कहना है कि उनकी आठ सूत्रीय मांगों को सरकार जल्द से जल्द पूरा करें. मांगे पूरी नहीं होने पर आंदोलनकारी महिलाओं ने अनिश्चितकालीन हड़ताल की चेतावनी दी है. कार्यकर्ताओं और सहायिका ने नायब तहसीलदार के माध्यम से प्रधानमंत्री और मुख्यमंत्री के नाम ज्ञापन भी सौंपा.
आठ सूत्रीय मांगों को लेकर एक दिवसीय धरना प्रदर्शन: बलरामपुर जिले की आंगनबाड़ी कार्यकर्ता सहायिका संयुक्त मंच की जिलाध्यक्ष सुचिता गुप्ता ने ईटीवी भारत से बात करते हुए कहा कि आठ सूत्रीय मांगों को लेकर हम लोग धरना दे रहे हैं. हमारी मांग है कि सरकार हमें शासकीय कर्मचारी घोषित करें. साथ ही सुपरवाइजर में बिना परीक्षा के शत प्रतिशत प्रमोशन दिया जाए. मिनी आंगनबाड़ी कार्यकर्ता को पूर्ण कार्यकर्ता बनाया जाए.
सरकार ने हमें बहुत सारा काम मोबाइल से करने के लिए दे दिया है. हमें करने में बहुत परेशानी हो रही है. ऑनलाइन काम बंद कर ऑफलाइन काम लें. क्योंकि कम पढ़े लिखे लोग ऑनलाइन काम को नहीं कर पा रहे हैं. शासकीय कर्मचारी घोषित करें. – सुचिता गुप्ता, जिलाध्यक्ष
आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं की मांगे:
- आंगनबाड़ी कार्यकर्ता एवं सहायिका को शासकीय कर्मचारी घोषित किया जाए.
- शासकीय कर्मचारी घोषित होने तक पूरे देश में कार्यकर्ता को 26000 रुपये और सहायिका को 22100 रुपये जल्द लागू करे.
- सामाजिक सुरक्षा के रूप में सेवानिवृत होने पर सभी कार्यकर्ता और सहायिका को पेंशन, ग्रेच्युटी, समूह बीमा और कैशलेस चिकित्सा सुविधा उपलब्ध कराया जाए.
- सहायिका को कार्यकर्ता के तौर पर और कार्यकर्ता को सुपरवाइजर के पद पर सीधे पदोन्नत किया जाए.
- सेवानिवृत होने के बाद कार्यकर्ता और सहायिका को पेंशन एवं ग्रेच्युटी की राशि प्रदान किया जाए.
- महंगाई भत्ता
- कार्यकर्ता सहायिका की आकस्मिक मृत्यु होने पर परिवार के एक सदस्य को अनुकम्पा नियुक्ति
- मिनी आंगनबाड़ी कार्यकर्ता को पूर्ण कार्यकर्ता बनाया जाए.
बलरामपुर नायब तहसीलदार रवि भोजवानी ने कहा कि आंगनबाड़ी कार्यकर्ता सहायिका संयुक्त मंच ने एक ज्ञापन सौंपा है. ज्ञापन में उनकी कुछ मांगें हैं. जिसमें प्रमुख मांग शासकीय कर्मचारी के तौर पर नियमितीकरण और पेमेंट बढ़ाने के लिए है. सारी मांगें शासन से संबंधित हैं. इनका ज्ञापन ले लिया गया है जिसे शासन को भेजा जाएगा.





