Traffic Police Update: जब्त किए गए 700 से ज्यादा प्रेशर हॉर्न नष्ट, बुलडोजर से कुचलवाए बाइक के अवैध साइलेंसर

रांची: राजधानी रांची में शनिवार को ट्रैफिक एसपी और ग्रामीण एसपी की अगुवाई में शहर में 250 से ज्यादा प्रेशर हॉर्न और करीब 400 साइलेंसर पर बुलडोजर चलाया गया. ट्रैफिक पुलिस ने अभियान चलाकर 700 से ज्यादा साइलेंसर और प्रेशर हॉर्न जब्त किए थे.
प्रेशर हॉर्न और साइलेंसर को लेकर अभियान
रांची ट्रैफिक पुलिस द्वारा हाल के दिनों में प्रेशर हॉर्न और मॉडिफाई साइलेंसर को लेकर बड़ा अभियान चलाया गया था. इस दौरान 700 से ज्यादा बाइक सवारों का चालान काटा गया. साथ ही साइलेंसर के साथ-साथ प्रेशर हॉर्न को भी जब्त किए गए. शनिवार को साइलेंसर और प्रेशर हॉर्न को रांची पुलिस लाइन में नष्ट किया गया. इसके लिए बाकायदा सभी 700 प्रेशर हॉर्न और साइलेंसर पर एक साथ बुलडोजर चलाकर उसे पूरी तरह से नेस्तनाबूद कर दिया गया.
अभियान का बढ़ेगा दायरा
रांची के ट्रैफिक एसपी राकेश सिंह ने बताया कि प्रेशर हॉर्न और मोडिफाइड साइलेंसर कार या बाइक में लगाना ट्रैफिक नियमों का उल्लंघन है. इसकी वजह से आम लोगों को काफी दिक्कतों का सामना करना पड़ता था. शिकायत मिलने के बाद ट्रैफिक पुलिस के द्वारा एक बड़ा अभियान चलाया गया और एक महीने के भीतर ही 700 से ज्यादा प्रेशर हॉर्न और साइलेंसर को जब्त किया गया. जिसे शनिवार को पुलिस लाइन में बुलडोजर चलाकर सभी को नष्ट कर दिया गया. ट्रैफिक एसपी ने बताया कि यह अभियान अब ग्रामीण क्षेत्र में भी चलाया जाएगा ताकि लोगों को राहत मिल सके.
नियमों का उलंघन करने वालों के लिए सबक
मौके पर मौजूद रांची के ग्रामीण एसपी प्रवीन पुष्कर ने बताया कि ट्रैफिक पुलिस के द्वारा न सिर्फ प्रेशर हॉर्न और मोडिफाइड साइलेंसर को जब्त किया गया बल्कि उसमें लगने वाले विभिन्न तरह के लाइट्स जो सड़क पर ड्राइविंग के दौरान व्यवधान पैदा करते थे उन्हें भी नष्ट किया गया है. ग्रामीण एसपी ने बताया कि यह प्रक्रिया उन लोगों के लिए सबक है, जो नियमों का उल्लंघन कर अपने बाइक में मोडिफाइड साइलेंसर सहित विभिन्न तरह के प्रतिबंधित उपकरण लगाते हैं.
लगातार मिल रही थी शिकायत
बता दें कि हाल के दिनों में रांची के ट्रैफिक एसपी राकेश सिंह को कई बुजुर्गों ने यह शिकायत की थी कि खासकर अस्पताल के बाहर और रात के समय मोडिफाइड साइलेंसर की वजह से बाइक काफी तेज आवाज करती है, जिसकी वजह से मरीजों को काफी दिक्कतों का सामना करना पड़ता है. इसी तरह की शिकायतें अन्य लोगों के द्वारा भी ट्रैफिक एसपी तक पहुंचाई गई थी. जिसके बाद एक बड़ा अभियान चलाकर यह कार्रवाई की गई.





