March 18, 2026 9:20 pm
ब्रेकिंग
चित्तौड़गढ़ में 'कातिल' मधुमक्खियों का तांडव! श्मशान में शव यात्रा पर किया हमला, दो की मौत; 50 लोगों... दिल्ली में गैस माफिया पर 'सर्जिकल स्ट्राइक'! 223 LPG सिलेंडर बरामद, पुलिस ने कालाबाजारी के बड़े खेल ... चीन और ईरान की 'खतरनाक' जुगलबंदी! अमेरिकी रिपोर्ट में बड़ा खुलासा—ड्रैगन दे रहा है तेहरान को घातक हथ... ईरान-इजरायल युद्ध के बीच भारत का 'प्लान-B' तैयार! गैस सप्लाई न रुके इसलिए खर्च होंगे ₹600 करोड़; क्य... Saharanpur Encounter: सहारनपुर में पुलिस मुठभेड़ में मारा गया इनामी अपराधी शहजाद, 44 वारदातों को दे ... Delhi Weather Update: दिल्ली में आंधी के बाद झमाझम बारिश, 20 मार्च तक खराब रहेगा मौसम; जानें अगले 3 ... Bihar Politics: बिहार में CM पद का दावेदार कौन? नीतीश कुमार की 'पहली पसंद' पर सस्पेंस, सम्राट चौधरी ... One Nation One Election: अब मानसून सत्र में आएगा 'महा-फैसला'! JPC की समय सीमा फिर बढ़ी; क्या 2027 मे... Noida Land Eviction: नोएडा में भू-माफिया के खिलाफ बड़ा एक्शन, जेवर एयरपोर्ट के पास 350 करोड़ की जमीन... Weather Update: दिल्ली-NCR, पंजाब और यूपी में अगले 3 दिन बारिश और ओलावृष्टि की चेतावनी, लुढ़केगा पार...
देश

‘मौत के मुंह’ से निकलकर भारत पहुंचा जग लाडकी! UAE में हमले के बाद समुद्र में छिड़ा था हाई-वोल्टेज ड्रामा

भारतीय झंडे वाला क्रूड ऑयल टैंकर ‘जग लाडकी’ सुरक्षित रूप से गुजरात के मुंद्रा पोर्ट की ओर पहुंच गया है. क्रूड ऑयल टैंक बुधवार को सुबह 5:51 बजे एंकरिज पर पहुंचा. टैंकर ने यूएई के फुजैराह पोर्ट से कच्चा तेल लोड किया था. करीब 80,000 टन मर्बन क्रूड ऑयल लेकर भारत के लिए रवाना हुआ था. जो 18 मार्च यानी बुधवार सुबह भारत पहुंच गया. यह तेल भारत की रिफाइनरियों के लिए अहम माना जाता है.

सूत्रों के अनुसार ‘जग लाडकी’ रविवार को फुजैराह से रवाना हुआ था. जहाज फुजैराह सिंगल पॉइंट मूरिंग पर क्रूड लोडिंग कर रहा था, तभी शनिवार को ईरान ने फुजैराह ऑयल टर्मिनल पर ड्रोन हमला किया. हमले से आग लगी और कुछ लोडिंग ऑपरेशंस अस्थायी रूप से प्रभावित हुए, लेकिन जग लाडकी और उस पर सवार सभी भारतीय नाविक सुरक्षित रहे. हमले के अगले दिन ही जहाज ने सुरक्षित रूप से पोर्ट छोड़ा और स्ट्रेट ऑफ होर्मुज पार कर भारत की ओर बढ़ चला. इसके बाद बुधवार को भारत पहुंच गया.

युद्ध क्षेत्र से निकलने वाला तीसरा भारतीय जहाज

बताया जाता है कि यह जहाज युद्ध क्षेत्र से बिना किसी नुकसान के निकलने वाला तीसरा भारतीय ध्वज वाला जहाज है. इससे पहले दो भारतीय एलपीजी कैरियर शिवालिक और नंदा देवी ने शनिवार को स्ट्रेट ऑफ होर्मुज पार किया था, जिनमें कुल 92,712 टन एलपीजी लदा था. शिवालिक मुंद्रा पहुंच चुका है, जबकि नंदा देवी कांडला बंदरगाह पर पहुंचा है. दूसरे जहाजों की तरह होर्मूज स्ट्रेट के पास बढ़ते खतरे को देखते हुए भारतीय नौसेना ने इसे सुरक्षित एस्कॉर्ट दिया. यह कदम इसलिए अहम है क्योंकि यही रूट भारत की ऊर्जा सप्लाई का मुख्य रास्ता है.

‘होर्मुज’ अमेरिकी और इजरायली जहाजों के लिए बंद

ईरान ने स्ट्रेट ऑफ होर्मुज को अमेरिकी और इजरायली जहाजों के लिए ब्लॉक कर दिया है, लेकिन भारतीय ध्वज वाले जहाजों के लिए सुरक्षित मार्ग की गारंटी दी है. ईरानी विदेश मंत्री सैयद अब्बास अरागची ने घोषणा की कि यह चोकपॉइंट अमेरिका और इजरायल के जहाजों के लिए बंद रहेगा. भारत और ईरान के बीच उच्चस्तरीय बातचीत में भारतीय जहाजों को सुरक्षित पार करने का आश्वासन मिला. ईरान ने यूएई के पोर्ट क्षेत्रों से निकासी की अपील भी की, क्योंकि वह उन इलाकों को निशाना बनाने की बात कही थी.

गल्फ में वर्तमान में 22 भारतीय ध्वज वाले मर्चेंट जहाज

शिपिंग मिनिस्ट्री के स्पेशल सेक्रेटरी राजेश कुमार सिन्हा ने मीडिया ब्रीफिंग में कहा कि पर्सियन गल्फ में वर्तमान में 22 भारतीय ध्वज वाले मर्चेंट जहाज हैं, जिनमें छह एलपीजी कैरियर, एक एलएनजी कैरियर और चार क्रूड ऑयल टैंकर शामिल हैं. इनमें कुल 611 भारतीय नाविक हैं. सरकार इन सभी के सुरक्षित निकास के लिए ईरान के साथ संपर्क में है. कुछ रिपोर्ट्स में दावा किया गया कि ईरान ने तीन जब्त टैंकरों की रिहाई के बदले सुरक्षित मार्ग की मांग की, लेकिन भारत ने इसे खारिज किया है.

Related Articles

Back to top button