अशोक खरात का ‘मायाजाल’ बेनकाब! ज्योतिष की आड़ में खड़ा किया करोड़ों का साम्राज्य; फार्महाउस, बंगला और बेहिसाब जमीन… 15 साल में ऐसे बना ‘धनकुबेर’

महाराष्ट्र के नाशिक में खुद को भविष्यवक्ता बताने वाला अशोक खरात इन दिनों रेप के आरोप को लेकर सुर्खियों में है. पुलिस ने इसके खिलाफ केस दर्ज कर लिया है. इस पूरे मामले में पुलिस की जांच जैसे-जैसे आगे बढ़ रही है, चौंकाने वाले खुलासे हो रहे हैं. जांच में सामने आया है कि खरात ने बीते 15 वर्षों में लगभग 200 करोड़ रुपये की संपत्ति बनाई है.
अशोक खरात ने करोड़ों की संपत्ति कैसे बनाई, पुलिस इसकी जांच कर रही है. पाथर्डी क्षेत्र में अशोक की करीब 30 एकड़ जमीन की कीमत लगभग 150 करोड़ रुपये आंकी गई है. इसके अलावा कहांडलवाडी और मिरगांव में करीब 45 एकड़ जमीन, कर्मवीर नगर में आलीशान बंगला और पाथर्डी व गौलाणे शिवार में परिवार के नाम पर खरीदी गई जमीनें भी उनकी संपत्ति में शामिल हैं.
मिरगांव में मंदिर के पीछे स्थित एक भव्य फार्महाउस की कीमत 10 करोड़ रुपये से अधिक बताई जा रही है, जबकि कनाडा कॉर्नर इलाके में उनका एक कार्यालय भी है, जिसकी कीमत करीब 1 करोड़ रुपये बताई जाती है. ओझर एयरपोर्ट के पास और अन्य क्षेत्रों में भी करोड़ों रुपये की जमीन होने की बात सामने आई है.
मंदिर ट्रस्ट से जुड़ा आर्थिक नेटवर्क
अशोक खरात ईशान्येश्वर मंदिर ट्रस्ट से भी जुड़ा हुआ है, जिसकी सालाना आय करीब 2 करोड़ रुपये बताई जा रही है. आरोप है कि इसी ट्रस्ट और अपने प्रभाव के जरिए उन्होंने आर्थिक और सामाजिक नेटवर्क मजबूत किया. बताया जाता है कि शिवनिका ट्रस्ट के माध्यम से उन्होंने मिरगांव स्थित मंदिर की कमान संभाली और धीरे-धीरे खुद को एक प्रभावशाली धार्मिक और सामाजिक व्यक्ति के रूप में स्थापित कर लिया.
मर्चेंट नेवी में नौकरी का दावा
खरात का दावा है कि उसने मर्चेंट नेवी में 22 वर्षों तक काम किया और इस दौरान 150 से अधिक देशों की यात्रा की. खुद को वह मर्चेंट नेवी का कैप्टन बताता था. पुलिस को अशोक के खिलाफ जो सबूत मिले हैं, उनमें से 58 अश्लील वीडियो भी शामिल हैं.
अशोक का दावा है कि वह अलग-अलग संस्कृतियों का अध्ययन करने के बाद उसने कॉस्मोलॉजी की ओर रुख किया. धीरे-धीरे उसने खुद को एक प्रसिद्ध अंकशास्त्री के रूप में पेश किया और बड़े राजनीतिक नेताओं, उद्योगपतियों तथा प्रशासनिक अधिकारियों तक अपनी पहुंच बना ली.





