Local & National News in Hindi
ब्रेकिंग
Bhind Blind Murder Case: भिंड में 10 दिनों में सुलझा महिला हत्याकांड; रेलवे टिकट और CCTV ने ऐसे पकड़ा... Monsoon Update 2026: देशभर में मॉनसून की रफ्तार तेज; दिल्ली से लेकर बिहार-बंगाल तक बारिश का अलर्ट Prayagraj Triple Murder: प्रयागराज के मेजा में तिहरे हत्याकांड से सनसनी; घर के बाहर मिलीं 3 लाशें IT Engineer Death Case: मसूरी में नवविवाहिता की मौत से सनसनी; फॉरेंसिक जांच में जुटी पुलिस, पोस्टमार... Transgender Persons Amendment Act 2026: सुप्रीम कोर्ट ने हाई कोर्ट्स में चल रही कार्यवाही पर लगाई रो... TMC Leader Sumit Roy: अभिषेक बनर्जी के करीबी सुमित राय के खिलाफ गिरफ्तारी वारंट जारी; जमीन घोटाले मे... Rahul Gandhi's Gen Z Mission: 40 करोड़ युवाओं को साधने की तैयारी; राहुल गांधी का क्या है नया सियासी प... Punjab Drugs Row: नशे के खिलाफ भगवंत मान सरकार की मुहिम; केजरीवाल का बीजेपी पर बड़ा आरोप, कहा- 'पंजाब... Noida Airport Historic Flight: जेवर एयरपोर्ट से पहली उड़ान; जमीन देने वाले किसानों ने भरी लखनऊ के लिए... Rahul Gandhi Kota Rally: कोटा से राहुल गांधी शुरू करेंगे राष्ट्रव्यापी छात्र आंदोलन; 'शिक्षा बचाओ-भव...

Noida Cyber Crime: एयर टिकट के नाम पर करोड़ों की ठगी; नोएडा में फर्जी कॉल सेंटर का भंडाफोड़, 13 गिरफ्तार

नोएडा: नोएडा पुलिस ने एक ऐसे अंतरराष्ट्रीय साइबर गिरोह का पर्दाफाश किया है जो सेक्टर-63 से फर्जी कॉल सेंटर चलाकर अमेरिका और यूरोप के नागरिकों को अपना शिकार बना रहा था। ये ठग सस्ती एयर टिकट बुकिंग का झांसा देकर अब तक 10 करोड़ रुपये से अधिक की धोखाधड़ी कर चुके हैं। पुलिस ने कार्रवाई करते हुए गिरोह के 13 सदस्यों को गिरफ्तार किया है।

🕵️ क्या था ठगी का तरीका?

आरोपी गूगल और फेसबुक जैसे सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म पर एयर टिकट के लुभावने विज्ञापन चलाते थे। जब कोई विदेशी यात्री बुकिंग के लिए संपर्क करता, तो ये खुद को एयरलाइन का प्रतिनिधि बताकर उनका विश्वास जीत लेते थे। पैसा लेने के बाद ये लोग टिकट तो नहीं देते थे, बल्कि अपने सिम कार्ड और ईमेल आईडी बंद करके गायब हो जाते थे। ठगों ने अपनी लोकेशन छिपाने के लिए VOIP (वॉइस ओवर इंटरनेट प्रोटोकॉल) तकनीक का इस्तेमाल किया, ताकि कॉल स्थानीय और अधिकृत लगे।

💻 बरामदगी और पुलिस की जांच

नोएडा सेंट्रल जोन के डीसीपी शैलेंद्र कुमार के अनुसार, आरोपियों के पास से बरामद डिजिटल डेटा से लगभग 10.50 लाख अमेरिकी डॉलर (करीब 10 करोड़ रुपये) के संदिग्ध लेनदेन के सबूत मिले हैं। पुलिस ने छापेमारी के दौरान निम्नलिखित सामान बरामद किया है:

  • 13 लैपटॉप और 16 मोबाइल फोन

  • 10 हेडसेट और राउटर

  • विदेशी नागरिकों का विशाल डेटाबेस

⚖️ गिरोह के सदस्यों पर शिकंजा

गिरफ्तार आरोपियों में रवि खुराना, साहेब चौहान, प्रत्यक्ष शर्मा, देव अग्रवाल, दिलीप पांडे, दीपक कुमार, शुभम चौधरी, आरती और स्वाति समेत कुल 13 लोग शामिल हैं। पुलिस अब इस बात की जांच कर रही है कि इस अंतरराष्ट्रीय नेटवर्क की जड़ें और कहां-कहां फैली हैं। यह कार्रवाई साइबर अपराधियों के लिए एक बड़ा संदेश है कि कानून से कोई भी बच नहीं सकता।

Comments are closed, but trackbacks and pingbacks are open.