तिरुवल्लूर: तमिलनाडु के तिरुवल्लूर जिले में पेरियापलायम के पास एक भयावह औद्योगिक दुर्घटना सामने आई है। यहाँ एक झींगा प्रसंस्करण कारखाने (Prawn Processing Unit) में अमोनिया गैस का भीषण रिसाव होने से 7 लोगों की जान चली गई है। घटना के बाद इलाके में सनसनी फैल गई है और स्थानीय प्रशासन राहत व बचाव कार्य में जुटा हुआ है।
🏭 गैस रिसाव से कैसे मची तबाही?
कारखाने में काम कर रहे मजदूरों के अनुसार, अचानक अमोनिया गैस का रिसाव शुरू हो गया। देखते ही देखते 45 से अधिक मजदूर इसकी चपेट में आ गए। उन्हें सांस लेने में गंभीर तकलीफ होने लगी और कई मजदूर बेहोश होकर गिर पड़े। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, बेहोश हुए कुछ लोगों के नाक और मुंह से खून भी बह रहा था, जो घटना की भयावहता को दर्शाता है।
🏥 घायलों का चल रहा उपचार
हादसे के तुरंत बाद प्रभावितों को नजदीकी निजी अस्पताल ले जाया गया, जहाँ चिकित्सकों ने कई लोगों को मृत घोषित कर दिया। कुल 7 लोगों की मौत की पुष्टि हुई है, जिनमें 6 मजदूर शामिल हैं। वहीं, 10 से अधिक लोगों की स्थिति अत्यंत गंभीर बनी हुई है, जिन्हें चेन्नई के स्टेनली अस्पताल के गहन चिकित्सा इकाई (ICU) में भर्ती कराया गया है, जहाँ उनका इलाज चल रहा है।
🙏 राज्यपाल ने जताया गहरा शोक
तमिलनाडु के राज्यपाल राजेंद्र विश्वनाथ अर्लेकर ने इस दुखद त्रासदी पर शोक व्यक्त किया है। उन्होंने विज्ञप्ति जारी कर कहा कि वे इस घटना से अत्यंत व्यथित हैं। राज्यपाल ने शोक संतप्त परिवारों के प्रति गहरी संवेदना व्यक्त की है और घायलों के शीघ्र स्वास्थ्य लाभ के लिए प्रार्थना की है। प्रशासन अब मामले की जांच कर रहा है कि गैस रिसाव किन परिस्थितियों में हुआ और क्या इसके पीछे सुरक्षा मानकों की अनदेखी है।
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