कवर्धा में अगले सत्र से MBBS का एडमिशन, मेडिकल कॉलेज भवन निर्माण जल्द होगा शुरू, जानिए सुविधाएं

कवर्धा: जिले में मेडिकल कॉलेज खोलने को लेकर राहत की खबर है. प्रस्तावित मेडिकल कॉलेज में अगले शैक्षणिक सत्र में MBBS की 50 सीट पर छात्रों का एडमिशन हो सकता है. दरअसल, 50 सीटों के लिए नेशनल मेडिकल कमीशन (एनएमसी) मानक पूरा करने जिला अस्पताल में 220 बेड होने चाहिए. इसी दिशा में कवर्धा में प्रयास तेज कर दिए गए हैं.
50 बेड बढ़ाने की तैयारी: जिला अस्पताल में अभी 100 से बढ़कर 170 बेड उपलब्ध हो गए हैं. अब 50 बेड और बढ़ाने की कवायद चल रही है. CMHO डॉ. देवेंद्र तुरें के मुताबिक, जिला अस्पताल में स्वास्थ्य सुविधाओं का विस्तार हो रहा है. इसके चलते ओपीडी मरीजों की औसत संख्या बढ़ी है. 2024-25 के औसतन 478 प्रतिदिन से बढ़कर 2025-26 में 563 प्रतिदिन हो गई. इसी तरह, भर्ती मरीजों की औसत संख्या 30 से बढ़कर 40 प्रतिदिन हो गई है.
क्या-क्या सुविधाएं उपलब्ध
- मेडिसिन
- सर्जरी
- आर्थोपेडिक
- नेत्र
- ईएनटी
- स्त्री व प्रसूति
- डेंटल
- फिजियोथेरेपी
- मानसिक स्वास्थ्य
- कीमोथेरेपी
- डायलिसिस
- शिशु रोग
- एनआरसी
- एसएनसीयू जैसे विभाग
टेंडर प्रक्रिया पूरी: कवर्धा में मेडिकल कॉलेज के लिए घोठिया रोड में 40 एकड़ भूमि आवंटित की गई है. 306 करोड़ रुपए की स्वीकृति मिल चुकी है. टेंडर प्रक्रिया भी पूरी कर ली गई है. वर्क ऑर्डर मिलने पर जल्द ही निर्माण कार्य शुरू हो जाएगा. कलेक्टर गोपाल वर्मा ने बताया कि अगले सत्र से मेडिकल कॉलेज की शुरुआत हो जाएगी. 50 एमबीबीएस सीटों पर एडमिशन संभव है. इसकी तैयारियां शुरू हो गई है.
वर्क ऑर्डर बहुत जल्द जारी किया जाएगा. आने वाले जुलाई माह से एडमिशन भी शुरू कर दिया जाएगा. वैकल्पिक व्यवस्था के रूप में मेडिकल कॉलेज संचालित करने की व्यवस्था भी की जा रही है– कलेक्टर गोपाल वर्मा
कवर्धा में प्रस्तावित मेडिकल कॉलेज को लेकर कांसेप्ट ड्राइंग तैयार की गई है. इसके अनुसार बिल्डिंग इस तरह बनेगी-
- मेडिकल कॉलेज की बिल्डिंग 7 मंजिला बनेगी.
- इसमें ग्राउंड फ्लोर बिल्डिंग के अलावा बेसमेंट पार्किंग रहेगी.
- इसी में 100 बेड वाला अस्पताल भी रहेगा.
- एडमिनिस्ट्रेशन (प्रशासन-प्रबंधन), लेक्चर हॉल और लाइब्रेरी की सुविधा रहेगी. इसके लिए ग्राउंड फ्लोर के साथ 5 मंजिला अलग बिल्डिंग बनेगी.
- स्टूडेंट स्पोर्ट्स फैसिलिटी के लिए आउटडोर व इंडोर मैदान होगा.
- कॉलेज में पढ़ाई करने वाले छात्र-छात्राओं के लिए 2 ब्वॉयज और गर्ल्स हॉस्टल होंगे. दोनों हॉस्टल 2-2 मंजिला होगा.
- महिला और पुरुष डॉक्टरों के लिए दो इंटर्न हॉस्टल भवन बनेगा. जो 3 मंजिला होगा.
- इसमें उन डॉक्टर्स को रहने के लिए जगह मिलेगी, जो डॉक्टर बनने के बाद 2 साल प्रैक्टिस करने आएंगे.
जानिए कुछ और उपलब्धि
- रेडियोलॉजी विभाग में सीटी स्कैन सेवा शुरू होना भी बड़ी उपलब्धि है. जुलाई 2025 से शुरू इस सुविधा के तहत अब तक 190 से अधिक मरीजों की जांच हो चुकी है.
- प्रतिमाह औसतन 1200 एक्स-रे, 750 अल्ट्रासाउंड और 32 हजार से अधिक पैथोलॉजी टेस्ट किए जा रहे हैं.
- डायलिसिस विभाग में 6 मशीनों से प्रतिमाह लगभग 380 मरीजों का इलाज किया जा रहा है.
- वहीं 2025-26 के अप्रैल से अगस्त तक 1403 प्रसव दर्ज किए गए हैं.





