हेल्दी हाथी की मौत पर सदमे में वन विभाग, रामानुजगंज फॉरेस्ट रेंज की घटना

बलरामपुर: रामानुजगंज फॉरेस्ट रेंज में एक हाथी की मौत से वन विभाग में हड़कंप मच गया. सूचना मिलने के बाद रात में ही एसडीएम तहसीलदार सहित राजस्व और वन विभाग की टीम भी घटना स्थल पर पहुंची. वन विभाग के अधिकारियों का कहना है कि पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद ही हाथी की मौत का कारण स्पष्ट हो पाएगा.
हेल्दी हाथी की मौत कैसे हुई: रामानुजगंज फॉरेस्ट रेंज अंतर्गत महावीरगंज गांव में जंगल किनारे बीती रात हाथी के पड़े होने की खबर मिली. हाथी की मौत की सूचना मिलने के बाद वन विभाग और राजस्व विभाग की टीम मौके पर पहुंची और घटना स्थल का मुआयना किया. जानकारी के मुताबिक यह हाथी तमोर पिंगला के जंगल से विचरण करते हुए रामानुजगंज रेंज में पहुंचा था.
शनिवार की शाम को वन विभाग वाले हाथी के आने की मुनादी माइक से करा रहे थे. हमें भी हाथी के आने का पता चला तो हम लोग जल्दी जल्दी खाना खाकर यहां से बस्ती की ओर चले गए. हाथी इस ओर कभी कभार ही आता है. हाथी की मौत हो गई इस बात का पता हमें आज सुबह चला है. 20 से 25 दिन पहले भी एक हाथी इस ओर आया रहा. घर तो तोड़फोड़ कर हाथी वापस लौट गया: वीरेंद्र, ग्रामीण, महावीरगंज गांव, रामानुजगंज
हाथी की मौत की खबर हमें मिली. सूचना के बाद हम लोग महावीरगंज गांव पहुंचे हैं. कल यह हाथी तमोर पिंगाल होते हुए वाड्रफनगर से रामानुजगंज रेंज में पहुंचा था. हाथी के आते ही हमने गांव वालों को अलर्ट कर दिया. गांव और उसके आस पास मुनादी करा दी. शनिवार रात करीब 10 बजे हमें हाथी की मौत की खबर मिली. डॉक्टरों की टीम मेडिकल करेगी. मेडिकल रिपोर्ट के बाद मौत का सही समय और वजह दोनों का पता चल पाएगा: अनिल पैकरा, SDO, फॉरेस्ट
बढ़ रहा वन्यजीवों और इंसानों के बीच संघर्ष: बलरामपुर जिले में वन्य जीव के बीच संघर्ष लगातार जारी है हाथी के हमले में इंसानों की मौतें हो रही हैं तो कभी अन्य कारणों से वन्य जीव हाथी की भी असमय जान जा रही है इसके समाधान के लिए फिलहाल कोई ठोस उपाय नहीं होने से संघर्ष की स्थिति उत्पन्न हो रही है.
1 अगस्त 2025: कोरबा वनमंडल के कुदमुरा रेंज अंतर्गत बैगामार के जंगल में एक वयस्क हाथी की मौत हुई है. हाथी का शव मिलने से वन विभाग में हड़कंप मच गया और प्रारंभिक जांच में हाथी की मौत का कारण करंट प्रवाहित अवैध तार को बताया गया है. ग्रामीणों ने अपनी फसल की सुरक्षा के लिए बिजली का तार बिछाया था. जिसकी चपेट में एक हाथी आ गया.
21 जनवरी 2025: रायगढ़ के धरमजयगढ़ वन क्षेत्र में एक हाथी की मौत हो गई. हाथी की मौत खेत में लगाए गए करंट से हुई.
21 दिसंबर 2024: बलरामपुर जिले के रामानुजगंज फॉरेस्ट रेंज के छतवा गांव के जंगल में जंगली हाथी का शव मिला. जांच में ये बात सामने आई गांव के कुछ ग्रामीणों ने जंगली सूअर को फंसाने के लिए करंट का जाल लगाया था जिसकी चपेट में हाथी आया.
19 दिसंबर 2024: रामानुजगंज फॉरेस्ट रेंज के छतवा गांव में एक हाथी की मौत हो गई. हाथी झारखंड से होते हुए छत्तीसगढ़ में पहुंचा था.





