Local & National News in Hindi
ब्रेकिंग
Bihar Crime News: कैमूर में जमीन के पैसों के विवाद में जिंदा जलाए गए फौजी की मौत, गुस्साए ग्रामीणों ... Gaya Pitru Paksha Mela 2026: गया में ऑनलाइन पिंडदान और टूरिज्म पैकेज पर विवाद, पंडा समाज ने जताई कड़... Nashik Illegal Tree Felling: नासिक में विज्ञापन बोर्ड के लिए काटे गए 50 से ज्यादा पेड़, विज्ञापन कंप... Ashirwad Ka Diya Campaign: पीएम मोदी के जन्मदिन पर वाराणसी से लेकर कोलकाता तक जलाए गए दीये, सीएम योग... Kurnool Ganesh Visarjan News: गणपति बप्पा को वापस मांगते हुए रोता दिखा बच्चा, वीडियो सोशल मीडिया पर ... Syrian Politics Update: बशर अल-असद के जाने के बाद नई संसद का ऐतिहासिक कदम; काउंटर-टेररिज्म कोर्ट को ... Japan Bear Crisis: जापान में क्यों बढ़ रहा है भालुओं का खतरा? सरकार ने उठाया बड़ा प्रशासनिक कदम US Russia Sanctions Bill: अमेरिका के नए प्रतिबंध बिल पर भड़का रूस; क्रेमलिन बोला- यूक्रेन शांति वार्... Shergarh Mathura News: हाईटेंशन लाइन से छुआ बोरिंग का पाइप, करंट लगने से तीन लोगों की दर्दनाक मौत और... सड़क पर हाट और बेतरतीब ट्रैफिक,आंधी-बारिश की आहट के बीच थमे रहे पहिए, राहगीर बेबस

Japan Bear Crisis: जापान में क्यों बढ़ रहा है भालुओं का खतरा? सरकार ने उठाया बड़ा प्रशासनिक कदम

जापान में लगातार बढ़ रहे भालुओं के तांडव और हमलों को देखते हुए सना तकाइची सरकार ने एक बेहद कड़ा और अहम फैसला लेते हुए एक अलग मंत्रालय का गठन किया है. इस नए मंत्रालय के प्रमुख को कैबिनेट रैंक प्रदान किया जाएगा, जिसका मुख्य उद्देश्य देश में भालुओं के हमलों से आम नागरिकों की सुरक्षा सुनिश्चित करना और इस समस्या से निपटने के लिए एक ठोस रोडमैप तैयार करना है.

👤 2. सांसद हिरोयोशी सासागावा को बनाया गया भालू कंट्रोल मामलों का नया मंत्री, पर्यावरण मंत्रालय की भी मिली जिम्मेदारी

ब्लूमबर्ग की रिपोर्ट के अनुसार, जापान सरकार द्वारा किए गए कैबिनेट फेरबदल में सत्ताधारी दल के सांसद हिरोयोशी सासागावा को भालू कंट्रोल मामलों के विभाग का नया मंत्री नियुक्त किया गया है. इसके साथ ही उन्हें पर्यावरण मंत्रालय और आपातकालीन परमाणु विभाग की जिम्मेदारी भी सौंपी गई है, जबकि वित्त, रक्षा और विदेश मंत्रालयों के स्वरूप में कोई बदलाव नहीं किया गया है.

⚠️ 3. जापान में क्यों बढ़ रहा है भालुओं का खतरा? खेती छोड़ने और शिकारियों की कमी बनी मुख्य वजह

रिपोर्ट्स के मुताबिक, जापान में इस साल अब तक 50 हजार से ज्यादा भालू देखे जा चुके हैं, जिनके हमलों में करीब 250 लोग घायल हुए हैं और 13 लोगों की जान जा चुकी है. सरकार का मानना है कि वृद्ध किसानों द्वारा खेती छोड़ने के कारण खेतों को भालुओं ने अपना बसेरा बना लिया है, और दूसरी तरफ देश में लाइसेंसधारी शिकारियों की संख्या में आई भारी गिरावट भी इस संकट का एक बड़ा कारण है.

Comments are closed, but trackbacks and pingbacks are open.