दिल्ली सरकार की बड़ी पहल: ‘विद्या वाहिनी’ योजना के तहत 1.40 लाख छात्राओं को मिलेगी मुफ्त साइकिल! CM रेखा गुप्ता करेंगी शुरुआत
नई दिल्ली: दिल्ली सरकार छात्राओं की शिक्षा को और अधिक सुलभ, सुरक्षित और सशक्त बनाने की दिशा में एक बड़ा और महत्वपूर्ण कदम उठाने जा रही है।
मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता 31 जुलाई को ईस्ट विनोद नगर स्थित स्पोर्ट्स कॉम्प्लेक्स में आयोजित होने वाले एक भव्य कार्यक्रम में बतौर मुख्य अतिथि शिरकत करेंगी। इस दौरान वह कक्षा 9 की मेधावी छात्राओं को ‘विद्या वाहिनी’ योजना के तहत साइकिलों का वितरण करेंगी। मुख्यमंत्री पहले चरण में 3,000 छात्राओं को साइकिलें सौंपकर योजना की शुरुआत करेंगी, जिसके बाद अगले एक महीने के भीतर पूरी दिल्ली की कुल 1,40,000 छात्राओं को चरणबद्ध तरीके से साइकिलें वितरित की जाएंगी।
🚴 “सपनों और आत्मविश्वास की सवारी है विद्या वाहिनी”: बेटियों की निर्बाध शिक्षा पर सीएम का जोर
दिल्ली सरकार की इस विशेष पहल का मुख्य उद्देश्य छात्राओं के लिए स्कूल तक की दूरी को आसान बनाना, कक्षाओं में उनकी नियमित उपस्थिति बढ़ाना और उन्हें आत्मनिर्भर बनाना है।
मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता का कहना है कि सरकार का स्पष्ट संकल्प है कि दिल्ली की कोई भी बेटी केवल दूरी, संसाधनों के अभाव या परिवहन की समस्याओं के कारण अपनी पढ़ाई बीच में न छोड़े। उन्होंने कहा कि ‘विद्या वाहिनी’ सिर्फ एक साइकिल नहीं, बल्कि दिल्ली की बेटियों के सपनों, आत्मविश्वास और उज्ज्वल भविष्य की सवारी है, ताकि हर बेटी बिना किसी डर के स्कूल पहुंचे और अपने लक्ष्य हासिल करे।
📚 मार्च में भी हुआ था साइकिल वितरण, बेटियों की पढ़ाई की राह से बाधाएं हटाने के लिए सरकार प्रतिबद्ध
उल्लेखनीय है कि इससे पहले मार्च महीने में भी मुख्यमंत्री ने 9 स्कूलों की लगभग 1,000 छात्राओं को साइकिलें वितरित की थीं।
उस दौरान उन्होंने दिल्ली में लड़कियों की निर्बाध शिक्षा सुनिश्चित करने के लिए सरकार की अटूट प्रतिबद्धता दोहराई थी। पत्रकारों से बात करते हुए उन्होंने स्पष्ट किया था कि इस योजना का मकसद उन सभी व्यावहारिक बाधाओं को पूरी तरह दूर करना है, जो अक्सर बालिकाओं को अपनी पढ़ाई जारी रखने से रोकती हैं, जिनमें मुख्य रूप से घर से स्कूल की दूरी और आवागमन के साधनों की कमी शामिल है।
🎓 “हर बेटी पूरी करे ग्रेजुएशन और हासिल करे अपना लक्ष्य”: दिल्ली सरकार का संकल्प
मुख्यमंत्री ने कहा था कि दिल्ली की हर बेटी बिना किसी रुकावट के अपनी स्कूली शिक्षा पूरी कर सकती है, ग्रेजुएशन की डिग्री हासिल कर सकती है और जो भी सपना देखे, उसे पूरा कर सकती है।
सरकार का मुख्य ध्येय यही है कि बेटियों की प्रगति के रास्ते में आने वाली हर छोटी-बड़ी रुकावट को दूर किया जाए, ताकि वे समाज और देश के विकास में अपना महत्वपूर्ण योगदान दे सकें।
Comments are closed, but trackbacks and pingbacks are open.