Local & National News in Hindi
ब्रेकिंग
मध्य प्रदेश के 75 हजार शिक्षकों के प्रमोशन के लिए सुप्रीम कोर्ट पहुंची सरकार, TET समकक्ष मान्यता हेत... भोपाल: बारिश से मिट्टी बहने पर नाले तक पहुँचा नवजात का शव, खजूरी सड़क पुलिस ने किया खुलासा रतलाम के सिंदुरकिया हत्याकांड का सनसनीखेज पर्दाफाश: 6 महीने पुरानी रंजिश में दोस्त ने चाकू से किए 14... ग्वालियर में कांवड़ यात्रा के दौरान बड़ा विवाद! कार टकराने के बाद दो पक्षों में चले लाठी-सरिए, एक दर... आवारा कुत्तों और डॉग बाइट पर MP हाईकोर्ट सख्त: सरकार ने पेश की स्टेटस रिपोर्ट, 14 अगस्त को अगली सुनव... 12 अगस्त को सूर्यग्रहण पर छाया संशय! ज्योतिष आचार्य ने बताया— क्या हरियाली अमावस्या की पूजा-पाठ पर ल... छिंदवाड़ा से CM मोहन यादव करेंगे 'मुख्यमंत्री जन-विश्वास अभियान 2026' का आगाज़, जनवरी 2027 तक लगेंगे... मध्य प्रदेश हाईकोर्ट का ऐतिहासिक आदेश: FSL की 20% DNA रिपोर्ट्स की होगी रैंडम जांच, कट-पेस्ट की सफाई... भारतीय वायु सेना में स्क्वाड्रन लीडर भावना कंठ ने रचा नया इतिहास, FCL कोर्स पूरा करने वाली पहली महिल... हरिद्वार बनाम देवघर कांवड़ यात्रा: क्यों होती है दोनों की तुलना? समझें सामाजिक, भौगोलिक और प्रशासनिक...

दही हांडी उत्सव पर महायुति सरकार का बड़ा फैसला: खेल विकास कोष से ₹1.12 करोड़ मंजूर, 1.60 लाख गोविंदा होंगे कवर

मुंबई (महाराष्ट्र): पावन गोकुलाष्टमी के पावन अवसर पर आयोजित होने वाले प्रसिद्ध ‘दही हांडी उत्सव’ से पूर्व महाराष्ट्र की महायुति सरकार ने राज्य भर के गोविंदाओं हेतु एक अत्यंत महत्वपूर्ण व जनकल्याणकारी घोषणा की है।

राज्य सरकार ने इस वर्ष दही हांडी उत्सव में भाग लेने वाले लगभग 1.60 लाख गोविंदाओं को निःशुल्क दुर्घटना बीमा सुरक्षा (Insurance Protection Cover) प्रदान करने का निर्णय लिया है। सरकार के आधिकारिक बयान के अनुसार, उत्सव के दौरान मानवीय पिरामिड (Human Pyramid) बनाने अथवा अभ्यास के समय किसी अप्रिय दुर्घटना में मृत्यु या स्थायी पूर्ण विकलांगता की स्थिति उत्पन्न होने पर पीड़ित अथवा उसके परिजनों को 10 लाख रुपये की आर्थिक सहायता प्रदान की जाएगी। महाराष्ट्र राज्य में दही हांडी एक अत्यंत लोकप्रिय एवं रोमांचक उत्सव है, जिसमें लाखों युवा सहभागिता करते हैं। बढ़ते जोखिम एवं प्रतिभागियों की संख्या को दृष्टिगत रखते हुए राज्य खेल विभाग ने इस कवरेज को व्यापक रूप से विस्तारित किया है।

💰 ओरिएंटल इंश्योरेंस कंपनी के माध्यम से ₹75 प्रति प्रतिभागी प्रीमियम, खेल विकास कोष से ₹1.12 करोड़ स्वीकृत

गोकुलाष्टमी के दौरान युवाओं को सामाजिक एवं वित्तीय सुरक्षा प्रदान करने हेतु सरकार ने ‘द ओरिएंटल इंश्योरेंस कंपनी’ (The Oriental Insurance Company) के माध्यम से बीमा योजना लागू करने का निर्णय लिया है।

सरकार प्रति गोविंदा 75 रुपये की दर से संपूर्ण प्रीमियम का वित्तीय भार स्वयं वहन करेगी। इस कल्याणकारी योजना के निष्पादन हेतु ‘राज्य खेल विकास कोष’ से 1.12 करोड़ रुपये की राशि स्वीकृत की गई है। यह महत्वाकांक्षी योजना ‘महाराष्ट्र राज्य दही हांडी गोविंदा एसोसिएशन’ तथा ‘खेल एवं युवा सेवा विभाग’ के संयुक्त तत्त्वावधान में संचालित की जाएगी।

🏥 एक हाथ, एक पैर या एक आंख गंवाने पर ₹5 लाख का मुआवजा, अस्पताल में इलाज हेतु ₹1 लाख तक कवर

इस बीमा सुरक्षा योजना के अंतर्गत दही हांडी की विभिन्न गतिविधियों के दौरान दुर्घटनाग्रस्त होने वाले गोविंदाओं को चोट की गंभीरता के अनुसार वित्तीय सहायता प्रदान की जाएगी:

  • आकस्मिक दुर्भाग्यपूर्ण मृत्यु अथवा स्थायी पूर्ण विकलांगता पर: ₹10 लाख की राशि

  • एक हाथ, एक पैर या एक आंख दृष्टिहीन होने पर: ₹5 लाख की सहायता

  • दुर्घटना में घायल होकर अस्पताल में भर्ती होने पर (चिकित्सा व्यय): वास्तविक व्यय या अधिकतम ₹1 लाख तक की सीमा

  • निःशुल्क चिकित्सा सुविधा: राजकीय एवं अर्ध-शासकीय चिकित्सालयों में घायल गोविंदाओं हेतु मुफ़्त उपचार की पृथक व्यवस्था

🏛️ बॉम्बे हाईकोर्ट व सुप्रीम कोर्ट के निर्देशों का अनुपालन, दही हांडी को पूर्व में ही मिला है साहसिक खेल का दर्जा

महाराष्ट्र सरकार ने माननीय बॉम्बे उच्च न्यायालय एवं सर्वोच्च न्यायालय द्वारा निर्गत निर्देशों का कड़ाई से अनुपालन सुनिश्चित करते हुए दही हांडी में मानवीय पिरामिड निर्माण को पूर्व में ही ‘एडवेंचर स्पोर्ट्स’ (साहसिक खेल) का आधिकारिक दर्जा प्रदान किया है।

उत्सव के दौरान जोखिम को न्यूनतम करने हेतु आवश्यक सुरक्षा दिशा-निर्देश (Safety Guidelines) भी निर्धारित किए गए हैं। खेल विभाग के अनुसार, बीमा योजना को सार्वजनिक क्षेत्र की बीमा कंपनी के माध्यम से लागू किया जा रहा है, जिसमें प्रति प्रतिभागी अधिकतम 75 रुपये या उससे कम प्रीमियम दर के आधार पर चयन किया गया है।

📊 “केवल पंजीकृत व योग्य गोविंदा होंगे पात्र, पिछले वर्ष 300 से अधिक लोग हुए थे घायल”: खेल विभाग

“योजना का लाभ केवल उन्हीं प्रतिभागियों को प्राप्त होगा जो ‘महाराष्ट्र स्टेट गोविंदा एसोसिएशन’ द्वारा सत्यापित व पंजीकृत होंगे और निर्धारित न्यूनतम आयु सीमा का पालन करते हों। उल्लेखनीय है कि विगत वर्षों में मुंबई एवं ठाणे में उत्सव के दौरान 2 लोगों की मृत्यु हो गई थी तथा 300 से अधिक गोविंदा चोटिल हुए थे, जिनमें से कई को अस्पताल में भर्ती कराना पड़ा था। इन्हीं जोखिमों को नियंत्रित करने हेतु यह बीमा व्यवस्था लागू की गई है।”

Comments are closed, but trackbacks and pingbacks are open.