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जंतर-मंतर मामले में नाबालिग रुचिका सिंह को दिल्ली पुलिस से बड़ी राहत: नहीं दर्ज होगी FIR, पीएम मोदी ने भी किया था माफ

नई दिल्ली: दिल्ली स्थित जंतर-मंतर पर कॉकरोच जनता पार्टी (CJP) के प्रदर्शन के दौरान देश के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के विरुद्ध आपत्तिजनक टिप्पणी करने वाली नाबालिग लड़की रुचिका सिंह को दिल्ली पुलिस की ओर से अत्यंत बड़ी राहत मिली है।

प्रशासन ने स्पष्ट निर्णय लिया है कि किशोरी के विरुद्ध कोई दंडात्मक अथवा कानूनी कार्रवाई नहीं की जाएगी। बीते दिन ही पीड़िता की मां ने सार्वजनिक रूप से अपील करते हुए बेटी के खिलाफ दर्ज किसी भी संभावित एफआईआर को निरस्त करने की गुहार लगाई थी।

🚔 नोएडा पुलिस ने दर्ज की थी जीरो एफआईआर, दिल्ली पुलिस ने मामला बंद करने का लिया फैसला

दिल्ली पुलिस द्वारा दी गई आधिकारिक जानकारी के अनुसार, इस प्रकरण में अभी तक कोई एफआईआर (FIR) दर्ज नहीं की गई है और न ही भविष्य में कोई प्राथमिकी दर्ज की जाएगी।

उल्लेखनीय है कि पूर्व में नोएडा पुलिस द्वारा एक ‘जीरो एफआईआर’ दर्ज कर प्राथमिक दस्तावेज दिल्ली पुलिस को स्थानांतरित किए गए थे। हालांकि, मामले की संवेदनशीलता और बालिका की आयु को ध्यान में रखते हुए दिल्ली पुलिस ने इस प्रक्रिया को आगे न बढ़ाने का विवेकाधीन निर्णय लिया है, जिससे नाबालिग और उसके परिजनों को बड़ी राहत मिली है।

🙏 “दूसरों के बहकावे में आकर हुई गलती”: वीडियो जारी कर सार्वजनिक रूप से मांगी थी माफी

सोशल मीडिया पर विवादित वीडियो वायरल होने के उपरांत रुचिका सिंह ने स्वयं एक वीडियो संदेश जारी कर देशवासियों से हाथ जोड़कर क्षमा मांगी थी।

उसने अपनी स्थिति स्पष्ट करते हुए कहा था कि उसकी आयु मात्र 15 वर्ष है और वह प्रदर्शन स्थल पर उपस्थित कुछ लोगों के उकसावे व बहकावे में आ गई थी। किशोरी ने स्वीकार किया कि उससे बहुत गंभीर भूल हुई है, जिसका उसे पश्चाताप है। उसने इसे अपने जीवन की पहली व अंतिम भूल बताते हुए पूरे देश से सहृदय क्षमा की याचना की थी।

🕊️ “बच्चों को अदालतों के चक्कर नहीं कटवाने चाहिए”: प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने दिखाया बड़प्पन

इस संवेदनशील घटनाक्रम के मध्य प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने सोशल मीडिया पर विचार साझा करते हुए कहा था कि राह भटक गए छोटे बच्चों को दंडित करने या उन्हें अदालती-कानूनी प्रक्रियाओं में उलझाने से परिस्थितियां नहीं सुधरेंगी।

प्रधानमंत्री ने उदारता दिखाते हुए कहा था कि वे ऐसे नासमझ बच्चों को सहर्ष माफ करना चाहते हैं और उन्होंने संपूर्ण समाज से भी बच्चों के प्रति क्षमाशील दृष्टिकोण अपनाने का आग्रह किया था।

📢 “पीएम ने मेरी बेटी को नई जिंदगी दी”: मां ने की बच्चों के लिए सोशल मीडिया बैन की मांग

शनिवार (2 अगस्त) को नाबालिग की मां ने भावुक होते हुए प्रधानमंत्री मोदी का आभार व्यक्त किया था।

उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री जी ने अपना विशाल बड़प्पन दिखाते हुए उनकी अबोध बेटी को क्षमादान देकर एक नया जीवन प्रदान किया है। इसके साथ ही उन्होंने सरकार और समाज से 18 वर्ष से कम आयु के किशोरों के लिए सोशल मीडिया के अनियंत्रित उपयोग पर कानूनी रोक लगाने की महत्वपूर्ण मांग उठाई।

🪧 नीट पेपर लीक को लेकर जंतर-मंतर पर हुआ था उग्र प्रदर्शन, सोनम वांगचुक ने भी दिया था समर्थन

उल्लेखनीय है कि कुछ समय पूर्व नीट (NEET) पेपर लीक और राष्ट्रीय शिक्षा प्रणाली में व्यापक सुधार की मांगों को लेकर जंतर-मंतर पर कॉकरोच जनता पार्टी (CJP) के तत्वावधान में विशाल छात्र आंदोलन आयोजित हुआ था।

इस आंदोलन में विभिन्न राज्यों के हजारों अभ्यर्थी शामिल हुए थे, जिसे प्रसिद्ध सामाजिक कार्यकर्ता सोनम वांगचुक ने भी अनशन कर अपना समर्थन दिया था। 20 जुलाई को संसद मार्च के प्रयास के दौरान पुलिस और प्रदर्शनकारियों के बीच धक्का-मुक्की हुई थी। तत्पश्चात सरकार द्वारा छात्रों की प्रमुख मांगों पर सकारात्मक आश्वासन दिए जाने के बाद 25 जुलाई को यह आंदोलन समाप्त हो गया था।

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