Local & National News in Hindi
ब्रेकिंग
सनातनी विनोद कुमार बिंदल के संयोजन में रामलीला का भव्य समापन, श्रीराम के राजतिलक के साथ पूरी हुई राम... US Stance on India Internal Matters: भारत के आंतरिक मामलों में दखल देने से अमेरिका का इनकार, अमेरिकी... Delhi High Court Observation: 'आप लोग जेन-जी नहीं हैं...' कॉकरोच जनता पार्टी के प्रवक्ताओं पर कोर्ट ... Tiger Shroff Attack Case Update: टाइगर श्रॉफ पर हमले की साजिश का बड़ा खुलासा, लॉरेंस बिश्नोई गैंग के... Smriti Irani Attacks Rahul Gandhi: स्मृति ईरानी का राहुल गांधी पर तीखा हमला, महिला पुलिस अफसर के साथ... Mallikarjun Kharge Letter to PM Modi: परिसीमन और संविधान संशोधन को लेकर मल्लिकार्जुन खरगे ने पीएम मो... UP Congress Press Conference: यूपी कांग्रेस ने चुनाव आयोग पर बोला बड़ा हमला, एसआईआर प्रक्रिया में गड... Akhilesh Yadav Warning to Officers: राजनीतिक कार्यकर्ता बनकर काम करने वाले अधिकारियों को जेल जाने की... Supaul News: बिहार के सुपौल में 9 दिनों तक छाती पर कलश रखकर मां दुर्गा की आराधना करने वाली महिला की ... Haridwar Ganga Canal Cleaning News: हरिद्वार में हर की पैड़ी पर सूखी गंगा की धारा, मरम्मत और सफाई के...

Sultanpur Lodhi News: सुल्तानपुर लोधी के गुरुद्वारे में 80 फीट की ऊंचाई पर फंसे सेवादार, घंटों चले रेस्क्यू के बाद सुरक्षित बाहर

वाहेगुरु पर अटूट विश्वास, मन में गुरु महाराज की कृपा की आस और जुबान पर लगातार नाम सिमरन. करीब 80 फीट की ऊंचाई पर जिंदगी और मौत के बीच गुजरे चार से पांच घंटे, नीचे खड़ी संगत की बेचैनी और हर पल सुरक्षित वापसी के लिए अरदास—यह पूरा रूहानी और संवेदनशील माहौल गांव तलवंडी चौधरियां (हलका सुल्तानपुर लोधी, जिला कपूरथला) स्थित गुरुद्वारा खूह साहिब में उस समय बन गया, जब निशान साहिब की सेवा करने के लिए ऊपर चढ़े सेवादार बलवंत सिंह अचानक अत्यधिक ऊंचाई पर ही फंस गए. हालात ऐसे बन गए थे कि उनके लिए अपने दम पर नीचे उतरना पूरी तरह असंभव हो चुका था. देखते ही देखते गुरुद्वारा साहिब के परिसर में चिंता की लहर दौड़ गई और संगत उनकी सलामती के लिए अरदास करने लगी. आखिरकार फायर ब्रिगेड की टीम और स्थानीय प्रशासन के संयुक्त एवं अथक प्रयासों से बलवंत सिंह को सुरक्षित नीचे उतार लिया गया, और उनके जमीन पर कदम रखते ही संगत ने चैन की सांस लेते हुए वाहेगुरु का शुक्राना किया.

⚠️ निशान साहिब की सेवा के दौरान अटकी कुंडी, 80 फीट की ऊंचाई पर चार-पांच घंटे तक फंसे रहे सेवादार

प्राप्त जानकारी के अनुसार, गुरुद्वारा खूह साहिब में निशान साहिब की सेवा का कार्य चल रहा था, जिसके तहत सेवादार बलवंत सिंह ऊंचाई पर चढ़े हुए थे. इसी दौरान अचानक कुंडी अटक जाने के कारण वे ऊपर ही फंस गए और उनके लिए नीचे उतरना मु मुमकिन नहीं रहा. अत्यधिक ऊंचाई होने के कारण यह स्थिति बेहद खतरनाक और गंभीर रूप धारण कर चुकी थी. नीचे मौजूद संगत के लिए यह दृश्य दिल की धड़कनें बढ़ा देने वाला था, क्योंकि एक तरफ सेवादार की जान का जोखिम था तो दूसरी तरफ उन्हें सुरक्षित नीचे लाने के लिए युद्धस्तर पर बचाव प्रबंधों की जरूरत थी. करीब 80 फीट की ऊंचाई पर किसी व्यक्ति का इस प्रकार फंस जाना अपने आप में एक डरावनी स्थिति होती है, जिसके चलते नीचे खड़े लोगों की निगाहें लगातार बलवंत सिंह पर टिकी रहीं और चार से पांच घंटे तक चले इस कठिन रेस्क्यू ऑपरेशन ने सभी को सांसें थामे रखा.

🙏 कठिन घड़ी में भी नहीं डगमगाया विश्वास, नाम सिमरन के सहारे डटे रहे बलवंत सिंह

इस पूरी घटना का सबसे प्रेरणादायक और भावुक पहलू यह रहा कि इतनी अधिक ऊंचाई पर अकेले फंसे होने के बावजूद सेवादार बलवंत सिंह ने अपना मानसिक संतुलन और हौसला बिल्कुल नहीं खोया. श्री गुरु महाराज के प्रति अटूट विश्वास और जुबान पर लगातार नाम सिमरन उनके लिए इस विकट परिस्थिति में सबसे बड़ा मानसिक सहारा बना रहा. किसी भी धार्मिक स्थल पर सेवा करते समय अचानक ऐसे अप्रत्याशित संकट में फंस जाना किसी भी इंसान के लिए हिला देने वाला अनुभव हो सकता है, लेकिन इस दौरान बलवंत सिंह का धैर्य और गुरु के प्रति उनकी अडिग निष्ठा मौके पर मौजूद हर व्यक्ति के लिए चर्चा और सम्मान का विषय बन गई.

Comments are closed, but trackbacks and pingbacks are open.