Ganga Expressway Accident: उत्तर प्रदेश के संभल में गंगा एक्सप्रेसवे पर पलटी यात्रियों से भरी स्लीपर बस, बिहार जा रहे 20 से ज्यादा लोग घायल
संभल: उत्तर प्रदेश के संभल जिले के अंतर्गत आने वाले गंगा एक्सप्रेसवे पर एक भीषण सड़क हादसा सामने आया है। बुधवार की सुबह यात्रियों से खचाखच भरी हुई एक तेज रफ्तार स्लीपर बस अचानक अनियंत्रित होकर पलट गई, जिसकी वजह से बस में सवार 20 से अधिक लोग गंभीर रूप से घायल हो गए हैं। प्राप्त जानकारी के अनुसार, इस बस में लगभग 150 यात्री सवार थे, जो आगामी दीपावली के पावन पर्व को अपने परिवार के साथ मनाने के लिए पंजाब से अपने गृह राज्य बिहार के लिए रवाना हुए थे। यह दर्दनाक हादसा पवांसा थाना क्षेत्र के पास घटित हुआ। दुर्घटना की सूचना मिलते ही स्थानीय पुलिस प्रशासन की टीम तुरंत हरकत में आई और फौरन राहत एवं बचाव कार्य शुरू करते हुए मौके पर पहुंची।
हादसे के बाद मची चीख-पुकार, हाईवे पर बिखरा पड़ा नजर आया यात्रियों का सामान
बस के पलटते ही मौके पर चीख-पुकार मच गई और अफरा-तफरी का माहौल पैदा हो गया। दुर्घटना के तुरंत बाद कई घायल और डरे हुए यात्री सड़क किनारे ही बैठे दिखाई दिए, जबकि उनके बैग और अन्य सामान हाईवे पर दूर-दूर तक बिखर गए थे। इसके अलावा, दुर्घटनाग्रस्त बस के टूटे हुए कांच और शीशे भी पूरे सड़क मार्ग पर फैल गए थे। स्थानीय पुलिस ने मौके पर पहुंचकर स्थिति को संभाला और राहत बचाव अभियान चलाते हुए सभी घायलों को तुरंत नजदीकी अस्पताल में इलाज के लिए भिजवाया। यह स्लीपर बस पंजाब के पटियाला शहर से चलकर बिहार के दरभंगा जा रही थी, लेकिन रास्ते में संभल के पवांसा इलाके के पास चालक का वाहन से नियंत्रण छूट गया और यह हादसा हो गया। स्थिति से निपटने के लिए मौके पर क्रेन भी मंगवाई गई ताकि पलटी हुई बस को रास्ते से हटाया जा सके।
यात्री का दावा- वाहन चलाते समय ड्राइवर को आ गई थी नींद की झपकी
इस भीषण सड़क हादसे में घायल हुए बिहार के अररिया जिले के रहने वाले यात्री अखिलेश कुमार ने मीडिया को जानकारी देते हुए बताया कि बस ड्राइव करते समय चालक को अचानक नींद की हल्की झपकी आ गई थी, जिसके कारण वाहन अनियंत्रित होकर पलट गया। घायल अखिलेश ने अपनी आपबीती साझा करते हुए बताया कि उन्हें दीपावली मनाने बिहार जाना था, और इस दुर्घटना में उनके पैर में भी चोट आई है। हालांकि, यात्रियों की तरफ से ड्राइवर को झपकी आने का यह दावा किया जा रहा है, लेकिन इसकी अभी तक कोई आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है। पुलिस अपने स्तर पर मामले की गहनता से जांच कर रही है, जिसके बाद ही इस दुर्घटना के वास्तविक कारणों का स्पष्ट खुलासा हो सकेगा।
क्षमता से अधिक यात्रियों को बैठाए जाने का आरोप, हाईवे पर पसरा रहा सन्नाटा
बस में यात्रा कर रहे एक अन्य यात्री नीरज कुमार ने बताया कि यह बस पंजाब के पटियाला से आ रही थी और इसमें नियमों को ताक पर रखकर क्षमता से काफी ज्यादा यात्रियों को ठूंस-ठूंस कर बैठाया गया था। शुरुआती रिपोर्ट्स के मुताबिक बस के भीतर लगभग 150 लोग सवार थे, हालांकि यात्रियों की इस वास्तविक संख्या और बस की आधिकारिक यात्री क्षमता को लेकर अभी प्रशासनिक पुष्टि होना बाकी है। त्योहारी सीजन में घर लौट रहे इन यात्रियों को इस अप्रत्याशित हादसे के चलते बीच रास्ते में ही भारी कठिनाइयों का सामना करना पड़ा।
सड़क पर फैले टूटे शीशे और बैग, दो दर्जन से अधिक लोग हुए घायल
दुर्घटना के बाद घटनास्थल की तस्वीरें काफी डरावनी थीं, जहां सड़क पर बस के टूटे हुए शीशे और यात्रियों का सामान इधर-उधर बिखरा पड़ा था। हादसे में घायल हुए कुल 20 से अधिक लोगों को तुरंत एम्बुलेंस की मदद से नजदीकी चिकित्सा केंद्र पहुंचाया गया, जहां उनका डॉक्टर की देखरेख में इलाज चल रहा है। गनीमत यह रही कि इस बड़े हादसे में किसी की जनहानि की सूचना नहीं है, हालांकि घायलों की चोटों की प्रकृति को लेकर विस्तृत मेडिकल रिपोर्ट का इंतजार किया जा रहा है।
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