Local & National News in Hindi
ब्रेकिंग
Jabalpur-Bhopal NH-45 Toll News: जबलपुर-भोपाल हाईवे पर शाहपुरा टोल टैक्स वसूली पर रोक; नितिन गडकरी न... पत्थलगांव जनपद पंचायत सभागार में विधायक गोमती साय ने ली अधिकारियों की समीक्षा बैठक Nitin Gadkari Bhopal Visit: केंद्रीय मंत्री नितिन गडकरी का सख्त रुख; RTO में भ्रष्टाचार पर बोले— 'गा... Mandla CMO Bribe Trap: मंडला में लोकायुक्त की बड़ी कार्रवाई; 2 लाख रुपये की रिश्वत लेते रंगेहाथ पकड़... Rajasthan Mayor Election Results: राजस्थान के नगर निगमों में बीजेपी का ऐतिहासिक परचम; जयपुर, जोधपुर ... UP Assembly Election Prep: टिकट के लिए अब दिल्ली-लखनऊ में लॉबिंग नहीं चलेगी, जिलों से तैयार होगी उम्... UP International Trade Show Greater Noida: 85 देशों के खरीदार होंगे शामिल, जानिए यूपी इंटरनेशनल ट्रे... SIR Process Controversy India: चुनाव आयोग पर उठे सवालों के बाद सड़कों पर उतरी कांग्रेस, CEC ज्ञानेश ... Babulal Marandi on SIR Process: एसआईआर देश हित में; नेता प्रतिपक्ष बाबूलाल मरांडी का विपक्ष पर तंज, ... Pakur Police Action: पाकुड़ के नयाग्राम में 13 साल के दीनानाथ की निर्मम हत्या; एसडीपीओ कुमार गौरव ने...

Overloaded Auto with Students in Maharashtra: बच्चों की जान से खिलवाड़, क्षमता से ज्यादा छात्र बैठाने पर ऑटो चालक पर एक्शन

महाराष्ट्र के भिवंडी इलाके से स्कूली बच्चों की सुरक्षा से जुड़ा एक बेहद चौंकाने वाला और चिंताजनक मामला सामने आया है. शहर के रोशन बाग इलाके का एक वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है, जिसमें एक ऑटो रिक्शा चालक अपनी क्षमता से कई गुना अधिक स्कूली बच्चों को ठूंसकर ले जाता हुआ दिखाई दे रहा है. इस गंभीर मामले के सोशल मीडिया पर सामने आने के बाद यातायात (ट्रैफिक) पुलिस ने तुरंत संज्ञान लेते हुए संबंधित ऑटो चालक के खिलाफ सख्त कार्रवाई की है, लेकिन इस घटना ने बच्चों के सुरक्षित परिवहन को लेकर बड़े सवाल खड़े कर दिए हैं.

📹 2. वायरल वीडियो में दिखा खतरनाक नजारा, ड्राइवर की सीट से लेकर पीछे तक भरे थे मासूम छात्र

वायरल हो रहे इस वीडियो में साफ देखा जा सकता है कि एक छोटे से ऑटो रिक्शा में कुल 17 स्कूली विद्यार्थियों को जबरन बैठाया गया था. बच्चों को इतनी संकीर्ण जगह में बैठाया गया था कि कई बच्चे तो सीधे चालक की सीट के आसपास लटके हुए नजर आ रहे थे, जबकि पीछे की सामान्य सीट पर 6 से 7 बच्चे बैठे हुए थे. हद तो तब हो गई जब ऑटो में सामान रखने के लिए बनाई गई पिछली और ऊपरी जगह पर भी 2 से 3 बच्चों को बैठाया हुआ देखा गया. एक जागरूक नागरिक ने इस खतरनाक हालात को अपने कैमरे में कैद कर लिया.

⚠️ 3. हादसे का था बड़ा खतरा, नागरिकों ने स्कूल वैन और ऑटो चालकों के खिलाफ सख्त निगरानी की मांग की

क्षमता से कहीं अधिक बच्चों को इस तरह ऑटो में बैठाने से किसी भी समय एक बड़ा सड़क हादसा होने का भारी खतरा बना हुआ था. अचानक ब्रेक लगने या वाहन के असंतुलित होने पर बच्चों की जान पर बन सकती थी. स्थानीय नागरिकों का कहना है कि यह शहर का कोई इकलौता मामला नहीं है, बल्कि कई जगहों पर इस तरह नियमों की धज्जियां उड़ाई जाती हैं. अभिभावकों और आम लोगों ने मांग की है कि बच्चों की सुरक्षा से कोई समझौता नहीं होना चाहिए और ऐसे लापरवाह चालकों के खिलाफ लगातार अभियान चलाकर कड़ी कार्रवाई की जानी चाहिए.

Comments are closed, but trackbacks and pingbacks are open.